नई दिल्ली:- देश में प्रॉपर्टी के रेट आसमान छू रहे हैं. खासकर मेट्रो शहरों में घर खरीदना सपना बन गया है. हाल ही में एक रिपोर्ट सामने आई थी, जिसमें बताया गया था कि पिछले 3 सालों में नोएडा में प्रॉपर्टी के रेट 125 फीसदी से ज्यादा बढ़ गए हैं. अब ऐसे में जब कोई आम आदमी घर खरीदने की कोशिश करता है तो उसे लोन लेना पड़ता है.
हालांकि उसे पूरा लोन नहीं मिलता है, यानी फ्लैट की कीमत का एक हिस्सा उसे डाउन पेमेंट के तौर पर देना पड़ता है और बाकी पैसा लोन बन जाता है. आइए इस खबर में आपको बताते हैं कि अगर आप 1 BHK, 2BHK या 3BHK फ्लैट खरीदने जा रहे हैं तो आपको कितना डाउन पेमेंट देना होगा.
डाउन पेमेंट कैसे तय होता है
अगर आपको लगता है कि किसी भी फ्लैट का डाउन पेमेंट इस बात से तय होता है कि वह 1BHK है, 2BHK है या 3BHK है, तो ऐसा नहीं है. डाउन पेमेंट हमेशा फ्लैट की कीमत से तय होता है. यानी फ्लैट का आकार चाहे जो भी हो, उसकी कीमत तय करती है कि आपको कितना डाउन पेमेंट देना है. ज्यादातर जगहों पर फ्लैट की कुल कीमत का 15 से 20 फीसदी डाउन पेमेंट के तौर पर देना होता है और बाकी रकम लोन के तौर पर ली जाती है.
अगर फ्लैट की कीमत 50 लाख है, तो कितना डाउन पेमेंट देना होगा
अब मान लीजिए आप एक फ्लैट खरीद रहे हैं, जिसकी कीमत 50 लाख रुपये है. तो अगर आप इसका 20 फीसदी डाउन पेमेंट निकालेंगे, तो यह 10 लाख होगा. यानी आपका लोन अमाउंट 40 लाख हुआ.
क्लियरटैक्स के मुताबिक अगर आप 40 लाख के होम लोन पर 8.75 फीसदी सालाना ब्याज दर और 3 फीसदी प्रोसेसिंग फीस जोड़ते हैं और लोन की अवधि 30 साल रखते हैं तो आपको हर महीने 31,468.02 रुपये की EMI देनी होगी. अब यही फॉर्मूला 1 BHK, 2BHK या 3BHK या किसी भी प्रॉपर्टी पर लागू किया जा सकता है.