* कोरबा/आरकेटीसी कोल कंपनी ट्रांसपोर्ट नगर कोरबा स्थित कार्यालय में अज्ञात व्यक्तियों द्वारा फायरिंग कर झारखंड राज्य के आम्रपाली शिवपुर कोल साइडिंग में चल रहे कोयला खनन के एवज में रंगदारी मांगने के मामले में कोरबा पुलिस द्वारा दो आरोपियों को झारखंड से गिरफ्तार कर कोरबा लाया गया है आरोपीगण झारखंड के अमन साहू गैंग से जुड़े हुए हैं अमन साहू वर्तमान में केंद्रीय जेल हजारीबाग में बंद है ।
मामले का संक्षिप्त विवरण इस प्रकार हैं टीपी नगर कोरबा स्थित आरकेटीसी कंपनी के कार्यालय में एक अज्ञात मोटरसाइकिल सवार द्वारा पिस्टल से एक राउंड फायर कर पर्चा फेंक फरार हो गया था पर्चे में लिखा हुआ था झारखंड राज्य के आम्रपाली शिवपुर कोल साइडिंग में चल रहे कोयला उत्खनन कार्य में आरकेटीसी कंपनी द्वारा अमन साहू को मैनेज नहीं किया गया है मैनेज नहीं करने पर ऐसी और घटनाएं करने की धमकी भी दी थी। घटना के कुछ देर बाद अमन साहू गैंग के मयंक सिंह नामक व्यक्ति द्वारा आरकेटीसी कंपनी के मालिक सुशील सिंघल को इंटरनेशनल मोबाइल नंबर से व्हाट्सएप काल कर रंगदारी टैक्स की मांग की गई थी ।
उपरोक्त घटना पर सीएसईबी चौकी कोरबा में अपराध क्रमांक धारा 307,385,506 बी भादवि,25, 27 आर्म्स एक्ट अंतर्गत अपराध पंजीबद्ध कर विवेचना किया जा रहा था ।घटना की सूचना मिलने पर पुलिस अधीक्षक कोरबा संतोष सिंह , अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक अभिषेक वर्मा एवं तत्कालीन नगर पुलिस अधीक्षक कोरबा योगेश साहू दल बल सहित घटनास्थल का मुआयना कर आरोपी गणों के गिरफ्तारी हेतु अलग-अलग टीमें बनाई गई थी ।
टीम अज्ञात आरोपी की तलाश हेतु सभी पहलुओं पर लगातार कार्य कर रही थी शहर के सीसीटीवी कैमरो से पाया गया था कि एक अज्ञात आरोपी बिना नंबर स्प्लेंडर मोटरसाइकिल में बालकोनगर– आईटीआई चौक रामपुर से होकर टीपीनगर चौक की ओर आया जो हेलमेट पहना हुआ था वारदात के बाद उसी रास्ते वापस भागा इस आधार पर आरोपी के तार झारखंड से जुड़े होने एवं सरगुजा,जशपुर,रायगढ़ का आरोपी होने के संभावना पर इस इलाके में सूचना तंत्र मुखबिरों के माध्यम लगातार पतासाजी किया जा रहा था,सैकड़ों सीसीटीवी कैमरों में मिले फुटेज से स्पष्ट हो रहा था कि आरोपी धर्मजयगढ़ की ओर से आया है किंतु हेलमेट पहने होने मोटरसाइकिल में रजिस्ट्रेशन नंबर न होने कारण आरोपी की पहचान नही हो पा रही थी ।
अमन साहू का गैंग झारखंड राज्य में काफी सक्रिय है अमन साहू गैंग के विरुद्ध सैकड़ों मामले दर्ज हैं कोरबा में घटित घटना के बारे में हजारीबाग एटीएस अधिकारियों से लगातार बातचीत की जा रही थी कोरबा पुलिस की एक टीम हजारीबाग भेजकर सूचनाओं का आदान प्रदान किया गया था । विवेचना दौरान कोरबा पुलिस को एक संदिग्ध मोबाइल नंबर का पता चला जिसके बारे में हजारीबाग एटीएस को सूचनाएं साझा की गई , हजारीबाग एटीएस एवं थाना कोर्रा पुलिस द्वारा उक्त मोबाइल नंबर के आधार आरोपी नितेश शील उर्फ मेजर सिंह एवं अभिनव तिवारी उर्फ सुशांत तिवारी को पकड़ा गया जिनसे पूछताछ करने आरोपीगणों ने अपना अपराध स्वीकार कर लिया ।
*1 लाख 50 हजार में दी गई थी सुपारी :–*पूछताछ पर आरोपी नितेश शील उर्फ मेजर सिंह ने बताया कि वह धर्मजयगढ़ का निवासी है जो कि काम की तलाश में दिल्ली गया हुआ था जहां सोशल मीडिया के माध्यम से उसकी पहचान मयंक सिंह से हुई , इसे आरकेटीसी कंपनी के ऑफिस में गोली चलाने एवज में एक लाख 50 हजार देने का प्रस्ताव रखा आरोपी लालच में आकर स्वीकार कर लिया ।
*मयंक सिंह मोटरसाइकिल, पिस्टल सहित नगदी एक लाख उपलब्ध कराए :–*आरोपी नितेश शील उर्फ मेजर सिंह को मयंक सिंह अपने गुर्गे के माध्यम से धर्मजयगढ़ में एक मोटरसाइकिल , एक पिस्टल नगदी एक लाख उपलब्ध कराया आरोपी नितेश शील इसके पूर्व कभी गोली नही चलाया था इसलिए वह जंगल में जाकर एक राउंड फायर कर गोली चलाने का अभ्यास किया ।
*अमन साहू गैंग ने आरोपी के काम से खुश होकर अपने गैंग में परमानेंट शामिल कर लिया :–* आरकेटीसी कंपनी में फायरिंग के बाद सकुशल भाग जाने से आरोपी से प्रभावित होकर अमन साहू गैंग आरोपी नितेश शील को गैंग का परमानेंट मेंबर बना लिया उसे हजारीबाग बुलाकर अपने गैंग के साथ रहने वेतन का व्यवस्था किया गया था । आरकेटीसी कंपनी में फायरिंग के लिए हुए सौदे के शेष बचे हुए 50 हजार को दो किश्तों में कुछ दिन बाद हजारीबाग में देने का वायदा किया था ।
*नगदी 25 हजार देते हुए एक पिस्टल के साथ पकड़े गए दोनो आरोपी :–* कोरबा पुलिस द्वारा उपलब्ध कराए गए संदिग्ध मोबाइल नंबर के आधार पर एटीएस हजारीबाग एवं थाना कोर्रा जिला हजारीबाग की पुलिस द्वारा आरोपी नितेश शील उर्फ मेजर सिंह एवं अभिनव तिवारी सुशांत तिवारी को पिस्टल दो कारतूस नगदी 25 हजार के साथ पकड़ा गया । पूछताछ पर नितेश शील ने बताया कि आरकेटीसी कंपनी में गोलीकांड के एवज में बचे हुए रकम में से 25 हजार रूपए को देने हेतु मयंक सिंह द्वारा अभिनव तिवारी उर्फ सुशांत तिवारी को भेजा गया था ।
*वारदात में प्रयुक्त मोटरसाइकिल, एवं पिस्टल आरोपी के घर धरमजयगढ़ से किया गया जप्त :–* आरोपी नितेश शील पूछताछ पर बताया घटना में प्रयुक्त मोटरसाइकिल पिस्टल को अपने घर में छिपाकर रखा है जिसे बरामद कर लिया गया है ।
*झारखंड में काम कर रहे कोयला कारोबारियों पर दबाव बनाने रंगदारी टैक्स वसूलने हेतु की गई वारदात :–* आरोपियों ने बताया अमन साहू गैंग झारखंड में कार्यरत कोयला कंपनियों एवम व्यापारियों से अवैध उगाही करता है इसी उद्देश्य से आरकेटीसी कंपनी से काफी समय से रंगदारी टैक्स की मांग कर रहा था किंतु आरकेटीसी कंपनी द्वारा टैक्स नहीं देने के कारण कोयला कारोबारियों पर दबाव बनाने हेतु उक्त फायरिंग की घटना की गई थी ।
*आरकेटीसी कंपनी के हजारीबाग ऑफिस में 1 पूर्व वर्ष हुई थी फायरिंग की घटना :–* अमन साहू गैंग ने आरकेटीसी कंपनी से रंगदारी टैक्स वसूली हेतु दबाव बनाने की नियत से 1 वर्ष पूर्व भी हजारीबाग स्थित ऑफिस में फायरिंग कराया गया था जिसमें कुछ लोग घायल हुए थे अमन साहू गैंग के आरोपियों की गिरफ्तार हुई थी ।
*हजारीबाग से गिरफ्तार कर लाया गया :–* मामले में आरोपीगण के विरुद्ध थाना कोर्रा जिला हजारीबाग में भी मामला दर्ज है,जिसमें आरोपीगण को गिरफ्तार किया गया है कोरबा पुलिस द्वारा आरोपीगण को थाना कोर्रा जिला हजारीबाग से गिरफ्तार कर लाया गया है ।