दिल्ली के पूर्व उप मुख्यमंत्री की मुश्किलें कम होती नजर नहीं आ रही है। मनीष सिसोदिया को आज ED दोपहर 2 बजे दिल्ली की राउज एवेन्यू कोर्ट लेकर पहुंची। इसके बाद स्पेशल जज एमके नागपाल ने पहले ED की रिमांड पर सुनवाई शुरू की। कोर्ट में ED का पक्ष एडवोकेट जोहेब हुसैन ने रखा। ED ने कहा है कि शराब नीति केस में 7 और लोगों को नोटिस भेजा है ताकि उन्हें सिसोदिया के आमने-सामने बैठाकर पूछताछ की जा सके। इसके लिए हम सिसोदिया की 10 दिन की रिमांड मांग रहे हैं।
मनीष सिसोदिया को लेकर कोर्ट ने फैसला सुनाते हुए कहा कि सीबीआई केस में उनकी अगली सुनवाई 21 मार्च को होगी। वहीँ ED मामले में कुछ ही देर में कोर्ट अपना फैसला सुनाएगा। कोर्ट में ईडी ने दलील दी कि 7 लोगों के बयान में बहुत कुछ सामने आया है वहीँ सिसोदिया के वकील ने कहा कि छापेमारी में कुछ नहीं मिला है। ईडी ने दलील दी कि शराब नीति में मार्जिन बढ़ाकर कुछ कंपनियों को फायदा पहुँचाया गया।
उन्होंने कहा, ‘दक्षिण के ग्रुप ने आप नेताओं को 100 करोड़ की घूस दी। एक ग्रुप बनाया गया ताकि दिल्ली में 30% शराब कारोबार को चलाया जा सके। दस्तावेज दिखाते हैं कि नायर ने सिसोदिया के प्रतिनिधि के तौर पर कविता से मुलाकात की। सिसोदिया ने एक साल में 14 फोन इस्तेमाल किए और बदले गए। इन्हें तोड़ भी दिया गया। सिम कार्ड भी सिसोदिया के नाम पर नहीं था ताकि बाद में वो अपने बचाव में इस बात को इस्तेमाल कर सकें