सावन सोमवार 2023 : सावन महीने का पहला सोमवार 10 जुलाई यानि कल से है. सावन महीना हिंदू धर्म में विशेष महत्व रखता है. इस पूरे महीने में हर दिन भगवान शिव की पूजा की जाती है. ऐसा माना जाता है कि सावन का महीना शिव का महीना होता है. अधिक मास के कारण इस साल सावन का महीना 58 दिनों का है. इसकी शुरुआत 10 जुलाई से हो रही है और 31 अगस्त को सावन का महीना समाप्त हो जायेगा. आगे पढ़ें सावन सोमवार पूजा विधि, शुभ मुहूर्त समेत पूरी डिटेल्स.
सावन के सोमवार को पूजा का शुभ मुहूर्त…..
सावन के सोमवार को पूजा का शुभ महूर्त दोपहर को 11 बजकर 59 मिनट से शुरू होकर 12 बजकर 54 मिनट तक है. वहीं शिव के रुद्राभिषेक का समय आज यानी कि 9 जुलाई को शाम के वक्त से शुरू होकर 10 जुलाई, सोमवार को 6 बजकर 43 मिनट तक रहेगा. इस दौरान पूजा करने से शुभ फल प्राप्त होगा. पूजा में हमेशा शुभ महूर्त को महत्व देना चाहिए इससे भगवान शिव पूजा को ग्रहण कर साधक को मनचाहा वरदान देते हैं.
सावन के पहले सोमवार को पंचक…..
10 जुलाई को सावन के पहले सोमवार को पंचक लग रहा है. पंचम शाम 6 बजकर 59 मिनट तक चलेगा. ऐसे में भक्तों को पंचक के साए में ही व्रत और पूजन करना होगा. वैसे तो पंचक लगने पर पूजा पाठ करना शुभ नहीं माना जाता है, इस दौरान पूजा करने से मना किया जाता है लेकिन पंचक में भगवान महादेव को पूजा जा सकता है. इसीलिए सावन के पहले सोमवार को व्रत और पूजा करने में कोई व्यवधान नहीं है. भक्त निश्चिंत होकर आराध्य की पूजा कर सकते हैं.
कैसे करें भगवान शिव की पूजा…..
सावन के पहले सोमवार को ब्रह्म महूर्त में उठने के बाद सर्वप्रथम स्नान करें और स्वस्छ कपड़े पहनकर पूजा की तैयारी करें. मंदिर जाकर शिवलिंग पर जलाभिषेक करें और शिव को उनका प्रिय बेलपत्र, धतूरा, चावल, चंदन, भांग आदि चढ़ाएं. महादेव को प्रसन्न करने के लिए माता पार्वती और गणपति बप्पा और कार्तिकेय की पूजा भी जरूर करें. शिव परिवार की पूजा करने से भगवान अपना आशीर्वाद बरसाते हैं.पूजा करते समय भगवान को भोग लगाएं और आरती उतारें.व्रत के दौरान पूरे दिन मन में ऊं नम: शिवाय का जाप करना चाहिए और हो सके तो पूरे दिन कुछ भी न खाएं. अगर भूखे नहीं रह सकते तो फलाहार कर सकते हैं.
सोमवार के व्रत में क्या न करें….
सावन के सोमवार का व्रत रखते समय फलाहार में नमक नहीं खाना चाहिए. परेशानी की वजह से अगर बिना नमक के रह पाना संभव नहीं है तो सेंधा नमक का ही इस्तेमाल करें.सावन के सोमवार में शिव का अभिषेक कच्चे दूध से किया जाता है इसीलिए व्रती को दूध नहीं पीना चाहिए.
