मध्य प्रदेश। उमा भारती हिमालय प्रवास पर जा रही हैं. उन्होंने बीजेपी के चुनाव घोषणा पत्र के लिए अपनी पांच मांगों की लिस्ट भी सोशल मीडिया के माध्यम से जारी की है.
इसमें उन्होंने धार की भोजशाला में सरस्वती माई की गद्दी पर वापसी और रायसेन के सोमेश्वर मंदिर के पट खोलने की मांग करके बीजेपी को असहज स्थिति में ला दिया है. इसके साथ ही, उमा भारती पहले ही साफ कर चुकी है कि वे केवल मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान के कहने पर ही पार्टी उम्मीदवारों के लिए प्रचार करेंगी.
बीजेपी से की ‘अधूरी आकांक्षाओं’ को पूरा करने की बात
सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर गुरुवार को उमा भारती ने लिखा, “हमारी पार्टी के लगभग सभी उम्मीदवार घोषित हो गए हैं. अभी मध्य प्रदेश में हमारी पार्टी का घोषणा पत्र आना बाकी है जिसके आधार पर हमारी पार्टी जनादेश मांगेगी. मैं पूरी मेहनत करूंगी औऱ भगवान से प्रार्थना भी करती हूं कि हमारी सरकार बने और मेरी और हम सबकी अधूरी रह गईं आकांक्षाओं को पूरा करे.”
उमा भारती ने पार्टी के घोषणा पत्र के हिसाब से पांच सुझाव भी दिए हैं-
- केन-बेतवा रिवर लिंक जो लगभग 2017 से शिलान्यास के लिए तैयार है.
- गौ संवर्धन, गौ रक्षण के उपाय संतोषजनक स्थिति तक नहीं पहुंच पाए.
3 पंच-ज अभियान संपूर्णता से नहीं हुआ, टुकड़ों में हुआ.
- धार भोजशाला की सरस्वती माई राज्य और केंद्र में हमारी सरकार होते हुए भी अपनी गद्दी पर वापस नहीं लौट सकीं.
- रायसेन के सोमेश्वर एवं विदिशा की विजया देवी के मंदिर के पट नहीं खुल सके जबकि हमारे केंद्रीय नेतृत्व के एक महत्वपूर्ण पदाधिकारी ने मुझे इसका आश्वासन दिया था.
उमा भारती ने आगे लिखा, “अंत में मैं इस निष्कर्ष पर हूं कि 2003 से अभी तक डेढ़ साल को छोड़कर हमारी ही सरकार रही. लोगों के जिन सपनों को पूरा करने के लिए हमने कांग्रेस को 20 साल पहले ध्वस्त किया था, वह सपने कितने पूरे हुए उस पर अभी और आत्म चिंतन मैं अभी कुछ दिन हिमालय में बद्री-केदार के दर्शन करते समय करूंगी.”
आचार संहिता के सभी नियमों का पालन करने की बात
इसके साथ ही उमा भारती ने बताया कि वो गुरुवार को अपने जन्म स्थान ग्राम डूंडा, जिला टीकमगढ़ के लिए निकल जाएंगी. उन्होंनेे कहा, ‘आज से लेकर कल चतुर्दशी तक अपने मातृ कुल एवं पितृ कुल की कुल देवियों को प्रणाम करते हुए ओरछा रामराजा सरकार को माथा टेक कर हिमालय के लिए निकल जाऊंगी.’
उमा भारती ने कहा कि अपनी जन्मभूमि के दो दिन के प्रवास पर मैं चुनावी आचार संहिता के सभी नियमों का पालन करूंगी. उन्होंने मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान की तारीफ करते हुए लिखा, ‘इस साल में शिवराज जी ने एक आदर्श शराब नीति लाकर अभिनंदनीय कार्य किया. इन साढ़ें तीन वर्षों के शिवराज जी के कार्यकाल में कई जनकल्याणकारी कार्यों की भी शुरुआत हुई.’
