नई दिल्ली: अगर हमें विकसित भारत की भव्य और दिव्य इमारत का निर्माण करना है तो हमें उसके चार अमृत स्तम्भों को निरंतर और मजबूत करना होगा। ये चार स्तंभ हैं:
पहला अमृत स्तंभ: भारत की महिलाएं, मातांए, बहनें और नारी शक्ति।
दूसरा अमृत स्तंभ: भारत के किसान और खेती-किसानी से जुड़े अन्नदाता।
तीसरा अमृत स्तंभ: भारत के नौजवान, यही सबसे बड़ी शक्ति हैं।
चौथा अमृत स्तंभ: भारत का मध्यम वर्ग, निओ मिडल क्लास और भारत के गरीब।
पीएम ने कहा कि इन 4 स्तंभों को हम जितना मजबूत करेंगे, विकसित भारत की इमारत भी उतनी ही ऊंची उठेगी।
