मध्य प्रदेश:- मंत्रालय बंटवारे पर सस्पेंस खत्म हो गया है. मंत्री पद की शपथ के बाद मोहन कैबिनेट के मंत्रियों को विभाग आवंटित कर दिए गए हैं. मध्य प्रदेश के सबसे पावरफुल विभागों पर सबकी निगाहें टिकी हुईं थी, आइए जानते हैं कि ये मंत्रालय किसे मिले हैं और कौन सबसे पावरफुल मंत्री हैं.
मंत्रियों के विभाग बंटवारे को लेकर लंबे समय से मंथन चल रहा था. शनिवार शाम को मोहन कैबिनेट के मंत्रियों को विभाग आवंटित किए गए. सीएम यादव ने गृह समेत कई अहम विभाग अपने पास रखे हैं, उप मुख्यमंत्री जगदीश देवड़ा को भी पावरफुल मंत्रालय सौंपा है.
मोहन यादव
गृह मंत्रालय सबसे पावरफुल विभागों में से एक माना जाता है, जो सीएम मोहन यादव ने अपने पास रखा है. इसके अलावा सामान्य प्रशासन, गृह जेल औद्योगिक नीति एवं निवेश प्रोत्साहन, जन संपर्क, नर्मदा घाटी विकास, खनिज साधन, लोक सेवा प्रबंधन, प्रवासी भारतीय एवं ऐसे समस्त विभाग जो किसी अन्य मंत्री को न सौंपे गए हों, सीएम मोहन यादव के पास ही रहेंगे.
जगदीश देवड़ा
उप मुख्यमंत्री जगदीश देवड़ा को एक बार फिर वित्त विभाग सौंपा गया है. उपमुख्यमंत्री पद के बाद जगदीश देवड़ा को एक और बड़ी जिम्मेदारी सौंपी गई है.
राजेंद्र शुक्ल
डिप्टी सीएम राजेंद्र शुक्ल को स्वास्थ्य एवं चिकित्सा शिक्षा विभाग सौंपा है. ये विभाग पहले विश्वास सारंग के पास था, जो अब राजेंद्र शुक्ल संभालेंगे.
प्रहलाद पटेल
पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग की जिम्मेदारी प्रहलाद पटेल को सौंपी गई है. पटेल केंद्र में भी बड़ी जिम्मेदारी संभाल रहे थे. अब उन्हें मोहन कैबिनेट में पंचायत एवं ग्रामीण विकास मंत्री बनाया गया है.
कैलाश विजयवर्गीय
बीजेपी के राष्ट्रीय महासचिव रहे कैलाश विजयवर्गीय को नगरीय प्रशासन विभाग की जिम्मेदारी दी गई है. 20 साल बाद उन्हें फिर यह विभाग मिला है.
राव उदय प्रताप सिंह
सांसदी से विधायक बनने वाले राव उदय प्रताप सिंह दूसरे सबसे अधिक बजट वाले स्कूल शिक्षा विभाग को संभालेंगे.
