नई दिल्ली :- कोलकाता हाई कोर्ट ने अगले आदेश तक तृणमूल कांग्रेस के खिलाफ भाजपा के किसी भी प्रकार के अपमानजनक विज्ञापन प्रकाशित करने पर रोक लगा दी है हाई कोर्ट ने व्यक्तिगत हमले करने वाले भाजपा के विज्ञापनों के खिलाफ टीएमसी द्वारा दायर शिकायत को सुनने में घर सफलता के लिए भारत के निर्वाचन आयोग को भी फटकार लगाया अदालत ने कहा आयोग पर समय में टीएमसी की शिकायतों को सुनने में पूरी तरह विफल रही है
जस्टिस सैयद सांची भट्टाचार्य ने कहा कि साइलेंस पीरियड से 1 दिन पहले और मतदान के दौरान भाजपा के विज्ञापन आदर्श आचार संहिता और टीएमसी के अधिकारों के साथ-साथ नागरिकों के निष्पक्ष चुनाव के अधिकार का भी उल्लंघन थे कोर्ट ने कहा टीएमसी के खिलाफ लगाए गए आप और प्रशासन पूरी तरह से अपमानजनक और निश्चित रूप से प्रतिद्वंदियों का अपमान करने और व्यक्तिगत हमले करने के इरादे से हैं इसलिए उक्त विज्ञापन सीधे तौर पर विरोधाभासी होने के साथ-साथ याचिका करता और भारत के सभी नागरिकों के स्वतंत्र निष्पक्ष और विधायक चुनाव प्रक्रिया के अधिकार का उल्लंघन है इसलिए भाजपा को अगले आदेश तक ऐसा विज्ञापन प्रकाशित करने से रोका जाना चाहिए तृणमूल के अनुसार पहले विज्ञापन में आरोप लगाया कि राज्य सरकार के कारण बंगाल भ्रष्टाचार का गढ़ बन गया दूसरे में आरोप लगाकर अयोध्या राम मंदिर को बंगाल में अपवित्र माना जाता है।
