नई दिल्ली:– लोकसभा चुनावों में इस गठबंधन की सीटें कम आने की चर्चा जारी है। मंगलवार को सीएम एकनाथ शिंदे ने अबकी बार 400 पार के नारे से नुकसान की बात स्वीकार की है। उन्होंने कहा, ‘इस नारे को लेकर विपक्ष ने ऐसा माहौल तैयार कर दिया कि अगर मोदी सरकार 400 पार चली गई, तो वह संविधान बदल देगी। लोगों ने इसे दिमाग में रखा और सब गड़बड़ हो गई। यही हमारी महायुति के लिए भारी पड़ा।’ मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे ने लोकसभा चुनाव में कम आई सीटों पर खुलकर बोला। शिंदे ने खेती और किसानों के मसले पर कहा कि सरकार ने बांस की खेती के लिए सब्सिडी देने का फैसला किया। एकनाथ शिंदे की उपस्थिति में फसलों के न्यूनतम आधार मूल्य निर्धारित करने के लिए केंद्रीय कृषि मूल्य एवं मूल्य आयोग की बैठक हुई। उन्होंने स्वीकार किया कि मराठवाडा और विदर्भ में सोयाबीन व कपास के किसानों को थोड़ी परेशानी हुई है।
कहानी बनाई गई’
पीएम मोदी की तारीफ करते हुए शिंदे ने कहा कि उन्होंने पिछले 10 सालों से बिना छुट्टी लिए काम किया है। ‘लेकिन क्या हुआ? जो कहानी बनाई गई, उससे हमें कुछ जगहों पर नुकसान हुआ। महाराष्ट्र में भी हमें नुकसान हुआ। संविधान बदल जाएगा, आरक्षण खत्म हो जाएगा… ये चर्चाएं थीं… ऐसा कुछ नहीं होना था। लेकिन ‘400 पार’ की संख्या ने सारी समस्याएं पैदा कर दीं,’ उन्होंने कहा।
किसान नाखुश तो…’
फसलों के समर्थन मूल्य के मुद्दे पर शिंदे ने कहा कि भारत एक कृषि प्रधान देश है और किसान अन्नदाता है। उन्होंने कहा, ‘अगर किसान नाखुश है तो कोई भी खुश नहीं रह सकता।’ उन्होंने कहा कि वह जल्द ही केंद्रीय कृषि मंत्री से मिलेंगे और प्याज, कपास और सोयाबीन के लिए न्यूनतम समर्थन मूल्य की मांग करेंगे।
