हिमाचल प्रदेश के सिरमौर में भयानक भूस्खलन हुआ है. इसकी वजह से 100 गांवों का संपर्क टूट गया है. लोगों को दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है. किसान अपनी फसल मंडी तक नहीं पहुंचा पा रहे हैं. रोजमर्रा की चीजों के लिए लोगों को जद्दोजहद करनी पड़ रही है. सड़क पर आए मलबे का हटाने का काम जारी है. हालांकि, अभी तक यातायात शुरू नहीं हुआ है.भूस्खलन की ये घटना सिरमौर में नेशनल हाईवे-707 पर हुई है. गंगटोली के पास हुए अचानक इस भयानक भूस्खलन से आवाजाही बंद हो गई है. लोग सड़क खुलने का इंतजार कर रहे हैं.
परेशान लोगों का कहना है कि सड़क बंद होने से सौ गांवों का संपर्क नाहन से टूट गया है. मरीजों को अस्पताल पहुंचने में परेशानी हो रही है.आफत बनकर आई बारिशबुधवार रात कर्नाटक के मंगलुरु जिले में हुई भारी बारिश लोगों के लिए परेशानी का सबब बन गई. बिजली का तार टूटकर सड़क पर गिरने से दो ऑटो चालकों की करंट लगने से मौत हो गई. 24 घंटे में बारिश की वजह से अब तक छह लोगों की मौत हो चुकी है. कुट्टारू मदनीनगर में एक घर पर पड़ोस के मकान की दीवार गिरने से चार लोगों की मौत हो गई.सभी नदियां और नाले उफान परमंगलुरु में ही एक अन्य घटना में भारी बारिश के कारण एक मकान की छत गिर गई. इससे दो बच्चे दब गए. भारी बारिश की वजह से मंगलुरु की सभी नदियां और नाले उफान पर हैं.
सभी प्राथमिक और उच्च विद्यालयों में छुट्टी कर दी गई है. कोडागु में बारिश ने कहर बरपाया है. बारिश की वजह से जिले में भूस्खलन की घटनाएं भी हो रही हैं.कोझिकोड में भूस्खलन से तबाहीइससे पहले बुधवार को केरल में हुई भारी बारिश और तेज हवा के कारण कई मकान क्षतिग्रस्त हो गए. नदियों और बांधों का जलस्तर भी बढ़ गया है. समुद्र की लहरों ने त्रिशूर और एर्नाकुलम जैसे जिलों के तटीय हिस्सों को अपनी चपेट में ले लिया. कोझिकोड में भूस्खलन से भारी तबाही हुई है. कोल्लम जिले के ओचिरा परब्रह्म मंदिर में ‘अन्नदान मंडपम’ का एक हिस्सा ढह गया.प्रशासन की लोगों से अपीलएर्नाकुलम के पास अलुवा में पेरियार नदी के तट पर कई पेड़ उखड़ गए. एर्नाकुलम प्रशासन ने मुवत्तुपुझा और थोडुपुझा नदियों के तट पर रहने वाले लोगों से सावधानी बरतने के लिए कहा है. इसकी वजह ये है कि मलंकारा बांध के तीन गेट एक-एक मीटर ऊपर उठा दिए गए हैं.
