नई दिल्ली:- आईफोन मेकर एप्पल भारत में अपने मैन्युफैक्चरिंग विस्तार के लिए प्रमुख स्थानों पर भर्ती में तेजी लाई है. अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प की नीतियों पर अनिश्चितता और पारस्परिक टैरिफ की चिंताओं के बावजूद एप्पल ने इस फैसले को लिया है.
यह नियुक्ति ऐसे समय में चलाया जा रहा है जब एप्पल आईफोन से आगे बढ़कर एयरपॉड्स का प्रोडक्ट अप्रैल में शुरू करने की योजना बना रहा है. उसके बाद आईपैड और मैकबुक का प्रोडक्ट भी शुरू किया जाएगा.
अमेरिकी दिग्गज कंपनी जिसके भारत में सप्लाई चेन और सहायक भूमिकाओं में 200 से अधिक कर्मचारी हैं. इसने अपनी वेबसाइट पर बेंगलुरु, चेन्नई, हैदराबाद और दिल्ली में कई नौकरियों के अवसर सूचीबद्ध किए हैं.
ये नियुक्तियां फॉक्सकॉन हॉन हाई, टाटा इलेक्ट्रॉनिक्स और अन्य सप्लाई चेन साझेदार कंपनियों जैसे विनिर्माण साझेदारों के माध्यम से एप्पल के विस्तार में सहायता करेंगी. भारत में एप्पल के 3,000 से अधिक कर्मचारी हैं.
Apple नियुक्तिया
मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक क्यूपर्टिनो में मुख्यालय वाली यह कंपनी अपनी आपूर्ति श्रृंखला और सहायक भूमिकाओं को दोगुना कर सकती है. यह कदम भारत में खुदरा विस्तार के लिए Apple की चल रही भर्ती प्रक्रिया के अनुरूप है.
Apple ने भारत में वैश्विक भूमिकाओं के लिए कई रिक्तियां पोस्ट की हैं, जिनमें वैश्विक आपूर्ति प्रबंधक, कच्चे माल की आपूर्ति श्रृंखला, यांत्रिक बाड़ों की आपूर्ति श्रृंखला, बैटरी निर्माण डिजाइन, विनिर्माण डिजाइन और मॉड्यूल नए उत्पाद प्रबंधक शामिल हैं. इन भूमिकाओं में कर्मचारी Apple की औद्योगिक डिजाइन, प्रोडक्ट डिजाइन और मैन्युफैक्चरिंग डिजाइन टीमों और इसके ग्लोबल सप्लायर के साथ सहयोग करेंगे.