बिहार:– कीरब 6-7 महीने के अंदर बिहार में विधानसभा चुनाव होना है। ऐसे में यहां की सियासी पारा काफी तेजी से चढ़ने लगी है। इस साल के अंत में होने वाले विधानसभा चुनाव को लेकर पॉलिटिकल पार्टियां पहले से ही अगले लेवल की रणनीति बनानी शुरू कर दी है।
इस बीच अब बिहार की सियासत एक बार फिर से गर्मा गई है, लेकिन इस बार कारण थोड़ा अलग है। भाजपा के वरिष्ठ नेता और पूर्व केंद्रीय मंत्री अश्विनी चौबे द्वारा एक बयान दिया, जिसमें उन्होंने नीतीश कुमार को उपप्रधानमंत्री बनाए जाने की वकालत की है।
इस बयान ने सियासी गलियारों में नई चर्चाओं को जन्म दे दिया है। जहां कुछ लोग इसे सीएम नीतीश कुमार के सम्मान के रूप में देख रहे हैं, वहीं कुछ इसे भाजपा की छिपी रणनीति का हिस्सा मान रहे हैं। इस बयान को लेकर जदयू की ओर से प्रतिक्रिया भी सामने आई है।
बिहर के राजनीति का भरोसेमंद फेस हैं सीएम नीतीश?
जेडीयू के प्रवक्ता अभिषेक झा ने साफ कहा कि सीएम नीतीश कुमार ही एकलौते बिहार की राजनीति का भरोसेमंद फेस हैं। जदयू प्रवक्ता ने दावा किया कि इस साल के अंत में होने वाले विधानसभा चुनाव में भी एनडीए नीतीश कुनार के नेतृत्व में चुनाव लड़ेगी और जनता एक बार फिर सुशासन बाबू को मुख्यमंत्री बनाएगी। झा ने यह भी कहा कि लोकतंत्र में सभी को अपनी बात कहने का अधिकार है, और पूर्व केंद्रीय मंत्री अश्विनी चौबे ने उसी अधिकार का इस्तेमाल किया है।
पूर्व केंद्रीय मंत्री अश्विनी चौबे ने कही ये बात
हालांकि, पूर्व केंद्रीय मंत्री अश्विनी चौबे के इस बयान को केवल एक राजनीतिक प्रस्ताव नहीं माना जा रहा है। उन्होंने कहा कि नीतीश ने एनडीए में संयोजक के रूप में एक लंबी भूमिका निभाई है और उन्हें डिप्टी पीएम बनाने से बिहार को गौरव मिलेगा। चौबे का कहना है कि एगर ऐसा होता है, तो जगजीवन राम के बाद बिहार को ऐसा सम्मान दूसरी बार मिल पाएगा। उनका यह बयान बिहार के लिए सम्मान की बात के तौर पर भी पेश किया गया है।
राजद ने नीतीश को लेकर की भविषयवाणी
वहीं दूसरी ओर, इस बयान को राष्ट्रीय जनता दल ने शक की नजरों से देखते हुए पार्टी प्रवक्ता मृत्युंजय तिवारी ने दावा किया है कि यह बयान नीतीश कुमार को साइडलाइन करने की एक शुरुआत है। राजद के मुताबिक, भारतीय जनता पार्टी धीरे-धीरे नीतीश को हटाकर बिहार की सत्ता अपने हाथ में लेने की कोशिश कर रही है। आरजेडी ने इस पूरे वाक्या को भाजपा के हिडन एजेंडा का हिस्सा बताया है इसके साथ ही भविष्यवाणी की है कि जेडीयू को धीरे-धीरे खत्म कर दिया जाएगा।
अपने किसी भी पत्ते को खुलकर खेलने के मूड में नहीं दिख रही BJP
इस पूरे गरमा-गरम बहस के बीच, भाजपा के सांसद राजीव प्रताप रूडी ने कुछ अलग ही दृष्टिकोण पेश किया है। रूडी ने कहा है कि अभी तो नीतीश कुमार अच्छे से बिहार चला रहे हैं और लोकसभा चुनाव अभी खत्म भी नहीं हुआ है। यानी बीजेपी इस वक्त अपने किसी भी पत्ते को खुलकर खेलने के मूड में नहीं दिख रही है।
