
अरविन्द तिवारी की रिपोर्ट
बनासकांठा - आज भारत दुनियां का सबसे बड़ा दूध उत्पादक है। करोड़ों किसानों की आजीविका दूध पर निर्भर करती है। दूध के उत्पादन की कुल कीमत गेहूं और चावल की पैदावार से अधिक है और छोटे किसान डेयरी क्षेत्र के सबसे बड़े लाभार्थी हैं। भारत सालाना 8.5 लाख करोड़ रुपये मूल्य का दूध उत्पादन करता है , जिस पर बड़े अर्थशास्त्रियों सहित कई लोग ध्यान नहीं देते हैं। बनास डेयरी के नये डेयरी परिसर और आलू प्रसंस्करण संयंत्र का उद्देश्य स्थानीय किसानों को सशक्त बनाना और क्षेत्र में ग्रामीण अर्थव्यवस्था को बढ़ावा देना है। हम यहां अनुभव कर सकते हैं कि कैसे सहकारी आंदोलन आत्मानिर्भर भारत अभियान को ताकत दे सकता है।बनास डेयरी ने ये भी सिद्ध किया है कि स्थानीय किसानों की आय बढ़ाने के लिये दूसरे संसाधनों का भी उपयोग किया जा सकता है।
उक्त बातें प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने आज गुजरात दौरे के दूसरे दिन बनासकांठा में बनास डेयरी संकुल में अत्याधुनिक डेयरी परिसर और आलू की प्रोसेसिंग यूनिट का उद्घाटन करने के बाद लोगों को संबोधित करते हुये कही। उन्होंने कहा हम यहां अनुभव कर सकते हैं कि कैसे सहकारी आंदोलन आत्मनिर्भर भारत अभियान को ताकत दे सकता है। पीएम मोदी ने कहा कि बनास डेयरी संकुल , चीज और व्हे प्लांट, इन दोनों का डेयरी सेक्टर के विस्तार में अहम योगदान है। बनास डेयरी ने ये भी सिद्ध किया है कि स्थानीय किसानों की आय बढ़ाने के लिये दूसरे संसाधनों का भी उपयोग किया जा सकता है। पीएम मोदी ने कहा कि बीते एक - दो घंटों में मैं यहां अलग-अलग जगहों पर गया और डेयरी सेक्टर से जुड़ी सरकारी योजनाओं की लाभार्थियों और पशुपालन बहनों से मेरी विस्तार से बात हुई। इस पूरे समय के दौरान मुझे जो जानकारियां दी गईं उससे मैं बहुत प्रभावित हूं। उन्होंने कहा कि भारत में गांव की अर्थव्यवस्थाओं को , माताओं-बहनों के सशक्तिकरण को कैसे बल दिया जा सकता है और सहकार कैसे आत्मनिर्भर भारत के अभियान को ताकत दे सकता है ? ये सब कुछ यहां अनुभव किया जा सकता है। प्रधानमंत्री ने कहा आगे कहा कि आलू और दूध का आपस में कोई लेना-देना नहीं है , लेकिन बनास डेयरी ने ये रिश्ता भी जोड़ दिया। दूध , दही ,छाछ , पनीर , फ्रेंच फ्राइज , बर्गर , पेटीज जैसे उत्पादों को भी बनास डेयरी ने किसानों का सामर्थ्य बना दिया है। ये भारत के लोकल को ग्लोबल बनाने की दिशा में भी एक अच्छा कदम है। उन्होंने कहा कि गुजरात आज सफलता की जिस ऊंचाई पर है , विकास की जिस ऊंचाई पर है वो हर गुजराती को गर्व से भर देता है। इसका अनुभव मैंने कल गांधीनगर के विद्या समीक्षा केंद्र में किया। गुजरात के बच्चों के भविष्य को , हमारी आने वाली पीढ़ियों को संवारने के लिये विद्या समीक्षा केंद्र एक ताकत बन रहा है। पीएम मोदी ने कहा कि आज यहां एक बायो - सीएनजी प्लांट का लोकार्पण किया गया है और चार गोबर गैस प्लांट्स का शिलान्यास हुआ है। ऐसे अनेक प्लांट्स बनास डेयरी देशभर में लगाने जा रही है। ये कचरे से कंचन के सरकार के अभियान को मदद करने वाला है। गोबर्धन के माध्यम से एक साथ कई लक्ष्य हासिल हो रहे हैं। उन्होंने कि गोबर्धन के माध्यम से इससे गांवों में स्वच्छता को बल मिल रहा है , पशुपालकों को गोबर का भी पैसा मिल रहा है और गोबर से बायो- सीएनजी और बिजली जैसे उत्पाद तैयार हो रहे हैं। इस पूरी प्रक्रिया में जो जैविक खाद मिलती है, उससे किसानों को बहुत मदद मिल रही है।
गौरतलब है कि पीएम नरेंद्र मोदी ने आज बनासकांठा जिले में 600 करोड़ रुपये से अधिक की लागत से के नये डेयरी कॉम्प्लेक्स और आलू प्रसंस्करण संयंत्र का उद्घाटन किया। बनासकांठा जिले के दियोदर में नया डेयरी परिसर एक ग्रीनफील्ड परियोजना है। यह लगभग 30 लाख लीटर दूध के प्रसंस्करण को सक्षम करेगा , लगभग 80 टन मक्खन , एक लाख लीटर आइसक्रीम , 20 टन संघनित दूध और 06 टन चॉकलेट प्रतिदिन का उत्पादन करेगा। दियोदर में आलू प्रसंस्करण संयंत्र विभिन्न प्रकार के प्रसंस्कृत आलू उत्पादों जैसे फ्रेंच फ्राइज , आलू के चिप्स , आलू टिक्की , पैटी आदि का उत्पादन करेगा, जिनमें से कई अन्य देशों को निर्यात किये जायेंगे। वहीं डेयरी परिसर का उद्घाटन करने के बाद पीएम मोदी ने डब्ल्यूएचओ-ग्लोबल सेंटर फॉर ट्रेडिशनल मेडिसिन का भी उद्घाटन किया। इस कार्यक्रम में कई देशों के प्रधानमंत्री वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के द्वारा शामिल हुये। इस मौके पर डब्ल्यूएचओ के महानिदेशक डॉ टेडरोस अदनहोम गेब्रेहेसस ने गुजराती में जनता का अभिवादन किया। उद्घाटन के बाद अपने संबोधन के दौरान पीएम मोदी ने कहा कि मैं विश्व स्वास्थ्य संगठन के महानिदेशक डॉ० टेडरोस अदनहोम गेब्रेहेसस का विशेष रूप से आभारी हूं। उन्होंने भारत की प्रशंसा में जो शब्द बोले हैं , मैं हर भारतीय की तरफ़ से उनका धन्यवाद करता हूं। इस दौरान समारोह में विशेष रूप से मॉरीशस के पीएम प्रविंद कुमार जगन्नाथ , सीएम भूपेंद्र पटेल और केंद्रीय आयुष मंत्री सर्बानंद सोनोवाल भी मौजूद रहे।इसके अलावा प्रधानमंत्री मोदी ने बनास सामुदायिक रेडियो स्टेशन , पालनपुर में पनीर उत्पादों व मट्ठा पाउडर के उत्पादन के लिए विस्तारित सुविधाओं और दामा में स्थापित जैविक खाद व बायोगैस संयंत्र को भी राष्ट्र को समर्पित किया।
बताते चलें अपने गृह राज्य गुजरात दौरे के पहले दिन सोमवार को गांधीनगर में पीएम मोदी ने स्कूल के कमांड एंड कंट्रोल सेंटर का दौरा किया। इसके बाद वे गांधीनगर में ही विद्या समीक्षा केंद्र पहुंचकर छात्रों और शिक्षकों से बातचीत की। इस दौरान पीएम मोदी ने शिक्षकों को टेक्नॉलॉजी को सीखने में किस तरह की परेशानियां आ रही हैं , इसके बारे में जानने की कोशिश की। विद्या समीक्षा केंद्र की शिक्षकों ने पीएम मोदी को बताया कि उन्होंने कोविड के दौरान ऑनलाइन सिस्टम के जरिये छात्रों की पढ़ाई जारी रखी। इतना ही नहीं विद्या समीक्षा केंद्र ने एक पोर्टल डेवलअप किया है , जिस पर सभी छात्र आसानी से अपनी क्लास अटेंड कर सकते हैं।
कल पीएम का कार्यक्रम
अपने गुजरात दौरे के तीसरे और अंतिम दिन कल 20 अप्रैल को प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी लगभग साढ़े दस बजे गांधीनगर में वैश्विक आयुष निवेश और नवाचार शिखर सम्मेलन का उद्घाटन करेंगे। वहीं दोपहर करीब साढ़े तीन बजे दाहोद में आदिजाति महासम्मेलन में शामिल होकर विभिन्न विकास परियोजनाओं का उद्घाटन और शिलान्यास करेंगे। आदिवासी पट्टी में भाजपा को मजबूत करने के लिये भाजपा ने दाहोद में प्रधानमंत्री मोदी की सभा का यह आयोजन किया है।