देर होने पर मजबूरी जाने बगैर कुछ लोग डिलीवरी एजेंट को फोन लगाकर खरी-खोटी भी सुनाते हैं. हालांकि, जब आप एजेंट की मजबूरी जान लेते हैं तो सौम्य तरीके से व्यवहार करते हैं. कुछ ऐसा ही एक वीडियो ने लाखों लोगों का दिल छू लिया.जैसा कि आपने एक कहावत सुनी होगी, ‘जहां चाह होती है, वहां राह होती है’. इस जुमले को डिलीवरी एजेंट के तौर पर काम करने वाली यह दिव्यांग महिला सही साबित कर रही है. जब भी हमें भूख लगती है और घर पर कुछ बनाने को मन नहीं करता तो बैठे-बैठे खाना ऑर्डर करते हैं. इसके बाद ऐसा जरूर सोचते हैं कि डिलीवरी एजेंट जल्द से जल्द आए और फटाफट खाना डिलिवर कर दे.
देर होने पर मजबूरी जाने बगैर कुछ लोग डिलीवरी एजेंट को फोन लगाकर खरी-खोटी भी सुनाते हैं. हालांकि, जब आप एजेंट की मजबूरी जान लेते हैं तो सौम्य तरीके से व्यवहार करते हैं. कुछ ऐसा ही एक वीडियो ने लाखों लोगों का दिल छू लिया.दिव्यांग महिला ने घर-घर पहुंचाई डिलीवरीसोशल मीडिया पर वायरल होने वाले वीडियो में आप देख सकते हैं कि एक दिव्यांग महिला को स्विगी सर्विस टी-शर्ट पहने और अपने मोटर चालित व्हीलचेयर में भोजन पहुंचाते हुए देखा जा सकता है. वीडियो को लिंक्डइन नाम के एक यूजर ने शेयर किया है. छोटी क्लिप में, स्विगी एजेंट को मोटर चालित व्हीलचेयर में भोजन डिस्ट्रिब्यूट करते देखा जा सकता है.
पोस्ट के कैप्शन में लिखा, ‘अगर आपको ऑफिस के लिए देर हो जाती है तो आप बेकार बहाने बनाते हैं. लेकिन रियल हीरो कड़ी मेहनत करता है और बहाने को नजरअंदाज कर देता है.’इंटरनेट पर लोगों ने कुछ ऐसे दिए रिएक्शनपोस्ट वायरल हो गया और ढेर सारे कमेंट्स आ रहे हैं. एक यूजर ने कमेंट लिखा, ‘मैं उनकी बहुत प्रशंसा करता हूं. बाकी सभी लोग भी कड़ी मेहनत कर रहे हैं, हमारे पास कड़ी मेहनत न करने का कोई कारण नहीं है.’
एक अन्य यूजर ने कहा, ‘यह उनके लिए अद्भुत और बहादुरी भरा है. स्विगी को सलाम करता हूं, क्योंकि उन्होंने उन्हें अलग नहीं समझा.’ एक तीसरे यूजर ने लिखा, ‘लाखों को प्रेरित करते हुए यह पूरी तरह से प्रदर्शित करता है कि अगर किसी के पास जीवन में कुछ करने का दृढ़ संकल्प और इच्छाशक्ति है तो वे एक दिन अपना रास्ता खोज लेंगे. फर्मों द्वारा इस दिशा में और पहल की जानी चाहिए.’