
रायपुर । न्यायिक मजिस्ट्रेट भूपेन्द्र वासनीकर अपना फैसला सुनाएंगे। इस समय वह न्यायिक हिरासत पर जेल भेजे गए है। बता दें कि कालीचरण महाराज को राजद्रोह के मामले में खजुराहो से गिरफ्तार करने के बाद 30 दिसंबर 2021 को कोर्ट में पेश किया था।साथ ही पूछताछ के लिए 2 दिन के रिमांड पर लिया गया था। लेकिन, पूछताछ एक दिन में पूरी करने के बाद न्यायिक मजिस्ट्रेट प्रथम श्रेणी चेतना ठाकुर की अदालत में पेश कर 14 दिन के लिए जेल भेजा दिया गया था। इस दौरान सार्वजनिक रूप से आपत्तिजनक बयान देने पर महाराष्ट्र के वर्धा, पुणे और ठाणे पुलिस ट्रांजिट रिमांड पर लेकर गई थी।
बता दें कालीचरण को न्यायिक रिमांड पर जेल भेजा गया हैं । इसकी अवधि पूरी होने के बाद दोबारा 13 दिन के लिए रिमांड पर भेजा गया था।कालीचरण के समर्थन में शहर के महादेव घाट में पंडित नीलकण्ठ त्रिपाठी एवं भाजपा नेता सच्चिदानंद उपासने ने खारुन नदी में उतर कर कालीचरण पर लगे राष्ट्रद्रोह की धारा हटाने के लिए जल सत्याग्रह कर प्रदर्शन किया था।
बता दे 83 दिनों से कालीचरण महाराज न्यायिक रिमांड में है। सुनावाई में उन्हे अब तक राहत नहीं मिल रही है। लंबे समय तक न्यायिक रिमांड में होने से भाजपा समेत अन्य दल व सगंठन के लोग लगातार मांग करने लगे है।