कांकेरः छत्तीसगढ़ में नक्सलियों की मांद कहे जाने वाले अंतागढ़ को यात्री ट्रेन की सौगात मिली है। आजादी की 75वीं सालगिरह पर सांसद मोहन मंडावी ने आज अंतागढ़ दुर्ग डेमू पैसेंजर ट्रेन को हरी झंडी दिखाई। दल्लीराझरा- रावघाट- जगदलपुर परियोजना के अंतर्गत अंतागढ़ से दुर्ग डेमू पैसेंजर स्पेशल ट्रेन की सुविधा मिलने से अंतागढ़ के लोगों में खुशी की लहर है।
अंतागढ़ दुर्ग पैसेंजर ट्रेन अंतागढ़ से दोपहर 1 बजकर 35 मिनट पर रवाना होगी और 4 बजकर 40 मिनट पर दुर्ग पहुंचेगी। अंतागढ़ तक पैसेंजर ट्रेन शुरू होने के बाद बीएसपी यहां से मालगाड़ी के जरिए आयरन ओर भी भेज सकेगा। नक्सलियों की मांद और घने जंगलों के बीच गुजरने वाली इस ट्रेन की सुरक्षा के लिए लेवल क्रांसिंग नहीं दी गई है। सात जगहों पर लेवल क्रांसिग की जगह पुल के नीचे और ऊपर सड़क तैयार की गई है।
बता दें कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 14 अप्रैल 2018 को रायपुर को भानुप्रतापपुर से जोड़ने वाली डेमू ट्रेन को हरी झंडी दिखाई। इसके बाद इसे केवटी तक बढ़ा दिया गया। अब इसे धुर नक्सल प्रभावित इलाके अंतागढ़ से जोड़ा गया है।एसएसबी की सुरक्षा में रेलवे ने इसका काम सालभर पहले ही पूरा कर ट्रायल कर लिया था लेकिन कोरोना की वजह से यात्रियों के लिए सुविधा शुरू नहीं की जा सकी थी। दल्लीराजहरा से जगदलपुर तक करीब 309 किलोमीटर की रेलवे लाइन भी बिछाई जा रही है, जो बस्तर को रायपुर से जोड़ेगी।