देशभर में केंद्र और राज्य सरकार की तरफ से किसानों के लिए कई योजनाएं चलाई जा रही हैं. बिहार सरकार ने छठ से पहले राज्य के किसानों को बड़ा तोहफा देने का फैसला लिया है. बिहार सरकार ने मंगलवार को घोषणा की है कि राज्य सहकारी बैंक जल्द ही प्रदेश के किसानों को ब्याज मुक्त अल्पकालिक कृषि लोन प्रदान करेंगे. राज्य में खेती को बढ़ावा देने के लिए सरकार ने यह फैसला लिया है. बिहार के सहकारिता विभाग के मंत्री सुरेंद्र यादव ने 70वें अखिल भारतीय सहकारी सप्ताह-2023 के अवसर पर यह जानकारी दी है. यहां जिला सहकारी बैंकों के अधिकारियों और प्राथमिक कृषि सहकारी समितियों के प्रतिनिधियों को संबोधित करते हुए कहा है कि छोटे और सीमांत किसान राज्य के समग्र विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं.
राज्य में महागठबंधन सरकार ने सहकारी समितियों के साथ-साथ किसानों के लिए भी कारोबार सुगमता की दिशा में कई कदम उठाए हैं. हम जल्द ही किसानों के लिए कई प्रोत्साहन लेकर आएंगे. हमारे सहकारी बैंक लगातार लाभ में हैं और त्रिस्तरीय ऋण संरचना की शीर्ष इकाई होने के नाते किसानों और अन्य हितधारकों के लाभ के लिए खरीद और अन्य सहकारी योजनाओं को सफलतापूर्वक लागू कर रहे हैं.मुख्य सचिव अधिकारी ने दी जानकारीबता दें इस अवसर पर बिहार सहकारिता विभाग के अपर मुख्य सचिव दीपक कुमार सिंह ने कहा है कि राज्य सरकार किसानों सहित सहकारी क्षेत्र से जुड़े हितधारकों के कल्याण के लिए हरसंभव प्रयास कर रही है.
विभाग राज्य में केसीसी धारक किसानों को ब्याज मुक्त अल्पकालीन कृषि ऋण उपलब्ध कराने की प्रक्रिया में है. राज्य के किसानों को शीघ्र ही शून्य प्रतिशत ब्याज दर पर अल्पकालीन कृषि ऋण उपलब्ध कराया जायेगा.जरूरतों को पूरा करने के लिए दिया जाएगा लोनसिंह ने कहा है कि नई योजना के तहत राज्य में किसानों को फसल के बाद के खर्चों के साथ-साथ कृषि और अन्य संबद्ध गतिविधियों की वित्तीय आवश्यकताओं को पूरा करने के लिए लोन दिया जाएगा. .
