: बीजेपी (BJP) अपना इलेक्शन कैंपेन सॉन्ग लॉन्च कर चुकी है. सूत्रों के मुताबिक बीजेपी सभी लोकसभा सीटों पर जिताऊ उम्मीदवारों पर रिसर्च कर चुकी है. शीट शेयरिंग का लोड तो मानो है ही नहीं, थोड़ा बहुत हुआ भी तो ‘इंडिया गठबंधन’ की तरह सीटों के बंटवारे के लिए सिर फुटव्वल नहीं है. इससे एक कदम आगे बढ़ते हुए पीएम मोदी ने लोकसभा चुनाव से पहले संसद का आखिरी सत्र शुरू होने से ठीक पहले, लोकसभा चुनाव का एजेंडा भी सेट कर दिया है. पीएम मोदी ने संसद के बजट सत्र से पहले मीडिया को संबोधित करते हुए अपना संबोधन फिर से ‘राम-राम’ से किया. उन्होंने कहा, ‘आप सभी को 2024 की राम-राम.’ इस तरह पीएम मोदी ने अपनी बात खत्म करते समय फिर ‘राम-राम’ कहा. PM मोदी ने ये स्पीच अनायास ही नहीं दी है, बल्कि उसके गहरे सियासी मायने निकाले जा रहे हैं.
पीएम मोदी ने बुधवार को कहा देश प्रगति की नयी उंचाइयों को छू रहा है. साथ ही उन्होंने विश्वास जताया कि लोगों के आशीर्वाद से ‘सर्वसमावेशी एवं सर्वांगीण’ विकास की उनकी सरकार की यात्रा आगे भी जारी रहेगी. पत्रकारों को संबोधित करते हुए मोदी ने उन्हें ‘राम राम’ कहकर मुबारकबाद दी और कहा कि चुनाव से पहले पूर्ण बजट पेश नहीं करने की परंपरा रही है. इसी परंपरा का पालन करते हुए उनकी नई सरकार बनने के बाद देशवासियों के समक्ष पूर्ण बजट को पेश किया जाएगा.
पीएम मोदी ने भी आज इसकी एक बानगी और पेशकर दी. दरअसल सियासत में जब आप को दावा करते हैं, तो मजबूरी में विपक्ष को उस बयान की काट देने के लिए कुछ न कुछ बोलना यानी कहना-सुनना पड़ता है. लेकिन जब आप संकेतों में कुछ कहते हैं, तो सामने वाले खेमे के बेचैनी बढ़ जाती है. विरोधियों के सामने PM मोदी जैसा दिग्गज सियासी खिलाड़ी हो तो बात और चुनौतीपूर्ण हो जाती है.लोकसभा चुनावों का एजेंडा सेट-विपक्ष को नसीहतपीएम मोदी ने बजट सत्र से पहले संसद के बाहर विपक्षी सांसदों को नसीहत भी दी.
उन्होंने समूचे विपक्ष पर तंज कसते हुए कहा कि यह बजट सत्र (Budget Session) सबके लिए पश्चाताप का अवसर है. सभी सांसद अच्छा परफॉर्म करके देश को आगे ले जाएं. वरना आप यहां कोई भी हल्ला गुल्ला या शोरगुल करें, कोई आपको याद नहीं रखेगा.2024 में नारी शक्ति पर फोकसबीजेपी बीते दस सालों में आधी आबादी यानी देश की महिलाओं पर फोकस कर रही है. पार्टी के कुछ नेता उसे अपना काडर वोट मानते हैं. ऐसे में नए साल के पहले पर्व मकर संक्रांति पर शुभकामनाओं के देने से लेकर राष्ट्रीय पर्व 26 जनवरी और फिर 28 जनवरी को अपने ‘मन की बात’ से लेकर आज 31 जनवरी को संसद में बजट सत्र की शुरुआत तक पीएम मोदी ने महिला सशक्तीकरण और नारी शक्ति पर फोकस किया.’बजट भी नारी शक्ति के साक्षात्कार का पर्व’पीएम कहा, ‘आज बजट सत्र आरंभ हो रहा है जिसमें राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू का मार्गदर्शन मिला और गुरुवार को वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण द्वारा अंतरिम बजट पेश किया जाएगा.
एक प्रकार से यह नारी शक्ति के साक्षात्कार का पर्व है. इस बार कुछ दिशानिर्देश की बातें लेकर वित्तमंत्री बजट पेश करने वाली हैं. देश नित्य प्रगति की नई-नई ऊंचाइयों को पार करते हुए आगे बढ़ रहा है, सर्वस्पर्शी विकास हो रहा है, सर्वांगीण विकास हो रहा है, सर्वसमावेशी विकास हो रहा है.’’यह यात्रा जनता जनार्दन के आशीर्वाद से निरंतर चलती रहेगी’ पीएम मोदी ने आगे कहा, ‘यह यात्रा जनता जनार्दन के आशीर्वाद से निरंतर चलती रहेगी. ये बयान देकर भी पीएम मोदी ने इशारों-इशारों में विरोधियों के सामने अपना एक चक्रव्यूह रचा है. अब विपक्ष इसे भेद पाएगा या नहीं ये भविष्य के गर्भ में है.
