नई दिल्ली:- सर्द मौसम में अपने साथ-अपनों को सर्दी की तकलीफ़ों से बचाने के लिए तमाम तरह के उपाय करने होते हैं जिससे मौसमी समस्याओं से बचाव हो। सर्दी के ऐसे घरेलू नुस्खों में सौंठ यानी ड्राई जिंजर पाउडर बड़े काम का है। गर्म तासीर रखने वाली सौंठ में विटामिन ए, सी, फाइबर, कैल्शियम, पोटेशियम मैग्नीशियम, जिंक, आयरन और फोलिक एसिड, फैटी एसिड जैसे कई पोषक तत्व मौजूद होते हैं जो इसे एक आयुर्वेदिक औषधि बनाते हैं। इस मौसम में सर्दी – जुकाम और खांसी, जोड़ों का दर्द और सिर दर्द आम समस्याएं हैं। सौंठ इन तीनों के खिलाफ कारगर है। इसके अलावा भी इसके कई स्वास्थ्य लाभ हैं जिनके बारे में आज हम बात करेंगे।
थ्रोट इंफेक्शन, सर्दी -खांसी से राहत
सौंठ थ्रोट इंफेक्शन का अचूक घरेलू नुस्खा है। आप शहद या गुड़ के साथ सौंठ पाउडर लें, या चाय में ही डाल लें, आपको गले के इंफेक्शन और जकड़न से जल्द राहत मिलेगी। वहीं सोंठ में पाए जाने वाले पोषक तत्व, विटामिन-सी, एंटीऑक्सीडेंट्स आपके शरीर में रोग प्रतिरोधक क्षमता को स्ट्राॅन्ग करते हैं। जिससे सर्दी-खांसी और अन्य वायरल संक्रमण से आपका बचाव होता है।
जोड़ों का दर्द होगा कम
सौंठ में मौजूद एंटी-इन्फ्लेमेटरी गुण शरीर के विभिन्न जोड़ों में हो रही सूजन और दर्द से राहत दिलाते हैं। सर्दी में ये समस्या खासकर बढ़ जाती है। इसलिये अगर आपको ये तकलीफ है तो आप इस मौसम में नियमित रूप सोंठ का पानी या काढ़ा पी सकते हैं। आपको राहत मिलेगी।
सिरदर्द से दिलाए राहत
सिरदर्द दूर करने के लिए भी सौंठ बहुत उपयोगी है। तेज सिर दर्द हो तो किसी काम में मन नहीं लगता। एक गिलास गुनगुने पानी में एक चौथाई चम्मच या ज्यादा से ज्यादा तीन ग्राम सौंठ पाउडर घोल कर पी लें। या फिर शहद के साथ इसे लें। सौंठ में पाये जाने वाले फोलिक एसिड और एंटीऑक्सीडेंट सिरदर्द से आराम दिलाते हैं। दरअसल सौंठ का पानी पीने से मस्तिष्क समेत पूरे शरीर में ऑक्सीजन युक्त ब्लड का सर्कुलेशन बेहतर तरीके से होता है। इसलिए सोंठ का पानी पीने से तेज सिर दर्द और कुछ हद तक माइग्रेन के दर्द से भी राहत मिलती है।
वेट लाॅस में मददगार
सोंठ के सेवन से वेट लाॅस में भी मदद मिलती है। सौंठ मेटाबॉलिज्म को बूस्ट करती है, जिससे अधिक कैलोरी जलाने और मौजूदा फैट को घटाने में मदद मिलती है। दरअसल इसमें एंटीऑक्सिडेंट और हाइपोलिपिडेमिक तत्व पाए जाते हैं, जो ब्लड में वसा के स्तर को कम करते हैं।
ब्लड शुगर को नियंत्रित करती है सौंठ
सौंठ में शक्तिशाली बायोएक्टिव कंपाउंड होते हैं जो इसे ब्लड शुगर के लेवल को नियंत्रित करने के लिए एक बेहतरीन आयुर्वेदिक औषधि बनाते हैं। सौंठ इंसुलिन स्राव को बढ़ावा देता है और ब्लड शुगर को नियंत्रित करने में मदद करता है।
पाचन के लिए अच्छी है सौंठ
सौंठ के सेवन से पाचन से जुड़ी दिक्कतें दूर होती है। यह पेट की सूजन दूर करती है। साथ ही अपच के कारण होने वाले पेट दर्द और बेचैनी से राहत दिलाती है। जिन लोगों को कब्ज़ की दिक्कत रहती है, उन्हें सुबह उठकर एक गिलास सौंठ का पानी पीने से काफी लाभ होगा।
तनाव करे कम
सौंठ तनाव कम करने और मेंटल हेल्थ सुधारने में भी उपयोगी है। एंटीऑक्सीडेंटस और एंटीइंफलामेंटरी गुणों से भरपूर सोंठ ऑक्सीडेंटिव स्ट्रेस से मुक्ति दिलाती है। जिसका फायदा मानसिक राहत के रूप में खुद ब खुद नजर आता है।
ग्लोइंग स्किन पाना है तो खाएं सौंठ
क्या आपको पता है कि सोंठ बहुत से हर्बल फेस पैक में मिलाई जाती है? सौंठ में मौजूद एंटी-बैक्टीरियल और एंटी-इंफ्लेमेटरी गुण स्किन के लिए बेहद काम के हैं। ये बंद पोर्स को खोलते हैं। इसके औषधीय गुण मुंहासे पैदा करने वाले बैक्टीरिया को मारते हैं। सौंठ के सेवन से त्वचा चमकदार बनती है।
पीरियड्स के दर्द से राहत दिलाए
आयुर्वेद के अनुसार मासिक धर्म चक्र के पहले तीन दिनों के दौरान प्रतिदिन कम से कम एक ग्राम सोंठ पाउडर का सेवन करने से मासिक धर्म के दर्द को काफी हद तक कम करने में मदद मिलती है।
