चूंकी इस क्षेत्र पर भारत का अधिकार है, इसलिए भारत ने इसका नाम चक्रवात ‘तेज’ रखा है. मौसम विभाग ने बताया कि दक्षिण-पश्चिम अरब सागर में ताजा समुद्री हालात बहुत खराब हैं, जिसके 21 से 23 अक्टूबर तक अत्यधिक गंभीर होने की संभावना है. पश्चिमी अरब सागर में, 22 से 25 अक्टूबर तक समुद्र में तेज लहरें उठने की संभावना बनी हुई है.23 अक्टूबर तक चक्रवात के उग्र होने की आशंकाआईएमडी के पूर्वानुमान के मुताबिक, चक्रवा 21 अक्टूबर को दक्षिण-पश्चिम, पश्चिम-मध्य और उससे सटे दक्षिण-पूर्व बंगाल की खाड़ी में समुद्री हालात खराब रहेंगे.
तेज लहरें उठने की संभावना है. 23 अक्टूबर तक इसके उग्र होने की आशंका है. इसके बाद 24 से 26 अक्टूबर के दरमियान चक्रवात के ओडिशा, पश्चिम बंगाल और बांग्लादेश तटों पर समुद्री हालात उग्र से बहुत उग्र हो सकते हैं.26 अक्टूबर तक समुद्री तट से दूर रहने की चेतावनीएहतियात के तौर पर, आईएमडी ने मछुआरों को 26 अक्टूबर तक समुद्र और तटीय क्षेत्रों में जाने से बचने की सलाह दी है. जो लोग पहले से ही समुद्र में हैं उन्हें तट पर लौटने की सलाह दी गई है. फिलहाल आईएमडी ने गुजरात को लेकर किसी तरह की कोई चेतावनी नहीं दी है और चक्रवात के राज्य में बेअसर रहने का अनुमान है. चक्रवात तूफान के पश्चिम-उत्तर-पश्चिम दिशा में बढ़ने का अनुमान है.
