नई दिल्ली:- बीबॉडीवाइज डॉट कॉम के अनुसार, अंजीर एक बहुत ही स्वादिष्ट ड्राई फ्रूट है, जिसे पानी में भिगोकर खाली पेट खाने से कई तरह के फायदे शरीर को होते हैं. अंजीर न्यूट्रिएंट्स का पावरहाउस है, जिसमें मिनरल्स कई होते हैं. मैंगनीज, जिंक, आयरन, मैग्नीशियम रिप्रोडक्टिव हेल्थ के लिए जरूरी हैं. महिलाओं को इसका सेवन जरूर करना चाहिए. फाइबर और एंटीऑक्सीडेंट ड्राई अंजीर में होने के कारण हॉर्मोनल इम्बैलेंस, पोस्ट-मेनोपॉज संबंधित इशू को ठीक करते हैं.
पोटैशियम से भरपूर होने के कारण अंजीर शरीर में हाई शुगर लेवल की जांच करता है. कई अध्ययनों से पता चला है कि अंजीर में मौजूद एसिड ब्लड शुगर लेवल को काफी हद तक कम करने में मदद करता है. ऐसे में पानी में भिगाए हुए अंजीर के सेवन से टाइप-2 डायबिटीज वाले मरीजों में शुगर लेवल को काफी हद तक कंट्रोल करने में कारगर साबित हो सकता है. इस ड्राई फ्रूट को आप स्मूदी, सलाद, ओट्स, कॉर्नफ्लेक्स आदि में शामिल कर सकते हैं.
पेट कई दिनों तक साफ नहीं होता, कब्ज की समस्या है, ऐसे में पेट फूला रह सकता है. खाने की इच्छा नहीं होती. आप कुछ दिनों तक सूख अंजीर को रातभर पानी में भिगोकर इसका सेवन सुबह खाली पेट करें. कब्ज की समस्या दूर होगी, क्योंकि यह फाइबर से भरपूर होता है. फाइबर बाउल मूवमेंट्स को दुरुस्त करता है.
हड्डियों को हेल्दी रखने के लिए भी आप डाइट में अंजीर को शामिल कर सकते हैं. कैल्शियम हड्डियों को स्वस्थ रखने के लिए जरूरी पोषक तत्व है. शरीर कैल्शियम का निर्माण खुद नहीं करता है, ऐसे में इसकी पूर्ति कैल्शियम से भरपूर खाद्य पदार्थों से कर सकते हैं. दूध, दही, सोया मिल्क, हरी पत्तेदार सब्जियों के साथ ही आप अंजीर भी खाएं. आपकी हड्डियों को मजबूती मिलेगी.
वजन बढ़ने का डर सता रहा है तो परेशान ना हों. आप रात में पानी में भिगोया हुआ सूखा अंजीर खाना शुरू कर दें. यह कैलोरी में कम और फाइबर में हाई होता है. फाइबर देर तक पेट भरा होने का अहसास कराता है, जिससे आप एक्स्ट्रा कैलोरी, फैट युक्त चीजों के सेवन से बचे रहते हैं. हाई फाइबर से भरपूर फूड्स को डाइट में शामिल करके वजन को बढ़ने से रोक सकते हैं. फल और ड्राई फ्रूट्स खाने से शरीर का वजन कम होता है.
साथ ही हाई ब्लड प्रेशर को भी कंट्रोल करने में कारगर है भीगा हुआ अंजीर. एंटीऑक्सीडेंट्स होने के कारण ये शरीर को फ्री रैडिकल्स के कारण होने वाले नुकसान से बचाता है. इससे ब्लड प्रेशर लेवल भी सही रहता है. इससे हार्ट हेल्थ भी सही रहता है. कोरोनरी आर्टरीज को ब्लॉक होने से रोकता है. अंजीर शरीर में ट्राईग्लिसराइड्स को कम कर सकता है, जो कई तरह के हार्ट डिजीज का कारण बनता है.
