
सूरज साहू Tv36 hindushtan
पथरिया -छत्तीसगढ़ कर्मचारी अधिकारी फेडरेशन ने केंद्र के सामान 34 फीसदी मंहगाई भत्ते की मांग को लेकर बुधवार को एकदिवसीय धरना प्रदर्शन किया ।कलम रख मशाल उठा के नाम से आयोजित सभा मे कर्मचारियों ने अपनी अपनी बात रखी और राज्य सरकार से मांग मानने की अपील की इसके बाद रैली की रूप में नारे लगाते एसडीएम कार्यालय पहुचे जहां मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के नाम ज्ञापन सौंपा गया ।जनपद पंचायत प्रांगण में आयोजित धरना प्रदर्शन मे विकास खंड के सभी कर्मचारी संगठनों ने हिस्सा लिया और अपनी मांग बुलंद किये ।धरना स्थल पर फेडरेशन के प्रवक्ता मंच का संचालन करते हुए धरना के उद्देश्यों को बताया ।वही शिक्षक संघ के जिला अध्यक्ष मोहन लहरी ने कहा कि तेजी से महंगाई बढ़ने के कारण केंद्र सरकार अपने कर्मचारियों को 34 प्रतिशत मंहगाई भत्ता दे रही है जबकि राज्य के कर्मचारियों को केवल 22 प्रतिशत मंहगाई भत्ता मिल रहा है उन्होंने कहा कि महंगाई तो सभी के लिये एक है तो फिर हमें क्यो सालों से कम मंहगाई भत्ता दिया जा रहा है । इसी तरह महिला कर्मचारी नेत्री महिला पर्यवेक्षक संघ की अध्यक्ष बिंदु सिंह ने भीषण मंहगाई का हवाला देते हुए सरकार से 34 प्रतिशत मंहगाई भत्ता मांगा और इसकी प्रासंगिकता पर अपनी बात रखी ।फेडरेशन के ब्लाक संयोजक रामसिंह राजपूत ने कहा कि राज्य सरकार हमे हमारा अधिकार प्रदान करे केंद्र सरकार ने कर्मचारी हीत मे मंहगाई भत्ता बढ़या है राज्य सरकार भी भत्ता बढ़ाये अगर मांग नही मानी जाती है तो 25 जुलाई से 29 जुलाई तक फिर धरना प्रदर्शन किया जाएगा।फेडरेशन के सचिव बीपी बघेल ने प्रदर्शन में शामिल सभी संगठन और कर्मचारियों अधिकारियों का आभार जताया ।धरना मे फेडरेशन ब्लाक संयोजक रामसिंह राजपूत ,प्रवक्ता बलदाऊ कौशिक , सचिव बीपी बघेल , पटवारी संघ अध्यक्ष नरेंद्र टोंन्डे, सीएसी संघ के मोहित खांडे , रामाधार कर्माकर , शिक्षक संघ के मोहन लहरी , गुना राम निर्मलकर , जनपद से टीएन वर्मा , दिनेश सिंगरौल , शिवप्रसाद कौशिक , उत्तम सोलंकी ,इंद्राज पाटले ,चंद्रिका कुर्रे ,बिंदु सिंह , बलजीत कांत , लक्षिकान्त जडेजा , एल के कोशले एवं सैकड़ो कर्मचारी।उपस्थित रहे ।
सरकारी दफ्तर रहे वीरान- फेडरेशन के धरना प्रदर्शन के कारण ब्लाक मुख्यालय के सभी सरकारी कार्यालयो मे छुट्टी जैसी विरानीं छाई रही ब्लाक के लगभग सभी सरकारी स्कूल बंद रहे जहां मध्यान्ह भोजन खिलाने रसोईया या जनभागीदारी समिति के सदस्य ही उपस्थित रहे ।यहां तक के तहसील और एसडीएम कार्यालय में भी कोई कर्मचारी ज्ञापन लेने उपस्थित नही थे जिस पर एसडीएम प्रिया गोयल ने एक लिपिक को भेजकर ज्ञापन लिए ।धरना प्रदर्शन पूर्ण रूप।से सफल रहा ।