फरीदपुर : बरेली के फरीदपुर में नेशनल हाईवे के किनारे गांव मेगीनगला स्थित अशोका पीयू फोम इंडिया प्राइवेट लिमिटेड में तेज धमाके के बाद हुए अग्निकांड में चार कर्मचारियों की जिंदा जलकर मौत हो गई। कई झुलस गए। इनमें से तीन गंभीर हैं, जिन्हें अस्पताल में भर्ती कराया है। एक युवक अभी भी लापता है।
अचानक लगी आग
अशोका फोम फैक्ट्री में आग तब लगी, जब मजदूर काम खत्म करने की तैयारी कर रहे थे। कुछ ही देर में आग पूरी फैक्ट्री में फैल गई और 25-30 फुट ऊंची तक लपटें उठने लगी। इस दौरान फैक्ट्री में मौजूद करीब दो सौ मजदूरों में भगदड़ मच गई, लेकिन कुछ मजदूर आग की लपटों में घिर गए। इनमें से दो की मौत हो गई। हंसराज, बबलू और जितेंद्र समेत झुलसे चार कर्मियों को निजी अस्पताल में भर्ती कराया है। इनमें एक की हालत गंभीर बताई जा रही है।
आग इतनी भीषण थी कि मौके पर पहुंचे पुलिस और प्रशासन के अफसर ने आसपास के इलाके को भी पूरी तरह खाली करा लिया।एक एकड़ जमीन पर बनी है फैक्ट्रीअशोका फोम फैक्ट्री करीब एक एकड़ जमीन पर स्थित है। पूरे परिसर में टिन शेड के अंदर फैक्ट्री चल रही थी। आग लगने के बाद लोहे के भारी एंगल टूट कर गिर पड़े। इसकी वजह से पूरी फैक्ट्री ध्वस्त होकर दो घंटे में ही मलबे में तब्दील हो गई।
फैक्ट्री से जान बचाकर निकले कर्मचारियों ने बताया कि जिस परिसर में आग लगी, वह करीब दो बीघा रकबा में फैला हुआ है। रात आठ बजे से दूसरी शिफ्ट शुरू होनी थी, जिसके चलते उस समय वहां मौजूद करीब 150 कर्मचारी घर जाने की तैयारी कर रहे थे। किसी को कुछ समझने का मौका नहीं मिला और जिसे जहां रास्ता मिला, उसने दौड़ लगा दी।