नई दिल्ली: आजकल की भागदौड़ भरी जिंदगी लोग अपनी सेहत का उस तरह ख्याल नहीं रख पाते, जिस तरह रखना चाहिए। ऐसे में देखा गया है कि कुछ लोग समय से पहले ही बीमारियों की चपेट में आने लगते हैं. यहीं वजह है कि हेल्थ एक्सपर्ट्स शरीर को फिट रखने की सलाह देते हैं, ताकि इन बीमारियों से बचा जा सके.
इंसान के शरीर में होने वाली किसी भी सीरियस प्रॉब्लम का अंदाजा समय रहते उसके लक्षणों के आधार पर लगाया जा सकता है। हालांकि कुछ लक्षण आपको भ्रमित कर सकते हैं जिनके बारे में सभी लोगों को विशेष सावधानी बरतते रहने की आवश्यकता होती है। सांस लेने में कठिनाई होना ऐसी ही एक समस्या है, जिसे आमतौर पर फेफड़ों की दिक्कत या अस्थमा मान लिया जाता है। पर क्या आप जानते हैं कि यह हार्ट अटैक का शुरुआती संकेत भी हो सकता है?
हेल्थ एक्सपर्ट्स कहते हैं, सांस से संबंधित किसी भी तरह की दिक्कत को नजरअंदाज बिल्कुल नहीं किया जाना चाहिए। फेफड़ों या हृदय की समस्याएं गंभीर स्थितियों में जानलेवा हो सकती हैं, ऐसे में इनसे बचाव को लेकर सभी लोगों को विशेष सतर्कता बरतते रहने की आवश्यकता होती है।
डॉक्टर्स बताते हैं, सांस लेने में होने वाली कठिनाई की समस्या हृदय की गंभीर बीमारियों का संकेत भी हो सकती है। यदि आपको पिछले कुछ समय से इस तरह की दिक्कतों का अनुभव हो रहा हो तो इस बारे में डॉक्टर से सलाह लेकर परीक्षण जरूर करवाएं। समय रहते स्थिति का सही निदान होना आपको गंभीर समस्याओं के जोखिम से बचाने में मददगार हो सकता है।
हृदय रोगों का लक्षण
डॉक्टर्स कहते हैं, सामान्यतौर पर धमनियों के अवरुद्ध होने की स्थिति में सांस लेने में कठिनाई महसूस होती रह सकती है। धमनियों में कई कारणों से रुकावट हो सकती है, यदि इस स्थिति को अनुपचारित छोड़ दिया जाए तो इससे दिल का दौरा पड़ने का खतरा हो सकता है। सांस लेने में होने वाली कठिनाइयों का हर बार हृदय की समस्याओं का संकेत होना भी आवश्यक नहीं है, कुछ स्थितियों में सीने में जकड़न के कारण भी ऐसी दिक्कत हो सकती है। हालांकि इन सभी स्थितियों का समय रहते इलाज और उपचार होना आवश्यक माना जाता है।