नई दिल्ली. एमएसएमई (MSME) का फुल फॉर्म माइक्रो स्मॉल एंड मीडियम एंटरप्राइजेज (Micro, Small and Medium Enterprises) होता है. हिंदी में इसे ‘सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्योग’ कहते हैx. देश में छोटे उद्योगों को बढ़ावा देने और उनकी आर्थिक रुप से मदद करने के लिए भारत सरकार ने सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्योग मंत्रालय (Ministry of MSME) बनाया है.अगर आप खुद का कारोबार करते हैं तो आपको एमएसएमई में रजिस्ट्रेशन करा लेना चाहिए. इससे आपको सस्ते लोन समेत कई फायदे मिलेंगें. आज हम आपको एमएसएमई रजिस्ट्रेशन प्रक्रिया के बारे में बताएंगे.
रजिस्ट्रेशन के लिए ये उद्यम होंगे पात्रसंबंधित खबरेंसूक्ष्म उद्यम में उनका रजिस्ट्रेशन होगा, जिनका पूंजी निवेश एक करोड़ तक और टर्न ओवर 5 करोड़ तक होगा.लघु उद्यम के अंतर्गत वो उद्यम पात्र होंगे, जिनका पूंजी निवेश 10 करोड़ तक और टर्न ओवर 50 करोड़ तक होगा.इसी तरह मध्यम श्रेणी में वही उद्यम रजिस्ट्रेशन करा सकेंगे जिनका पूंजी निवेश 50 करोड़ और टर्न ओवर 250 करोड़ तक होगा.
एमएसएमई रजिस्ट्रेशन के फायदेबैंकों के द्वारा सस्ती ब्याज दर पर लोनइनकम टैक्स में छूटउद्योग के लिए लाइसेंस जल्दMSME में रजिस्टर उद्योगों को वरीयताबिजली के बिल में छूटज्यादा प्रोडक्शन पर टैक्स में भारी छूटरजिस्ट्रेशन के लिए देनी होती है ये जरूरी जानकारियांआधार नंबरपैन नंबरव्यवसाय का पताबैंक अकाउंट नंबरबुनियादी व्यावसायिक गतिविधिएनआईसी (2 अंकों का कोड)निवेश डिटेल (प्लांट/डिवाइस विवरण)टर्नओवर डिटेलपार्टनरशिप डीडबिक्री और खरीद बिल प्रतियांखरीदी गई मशीनरी के लाइसेंस और बिल की प्रतियां
रजिस्ट्रेशन की प्रक्रियाएमएसएमई की साइट msme.gov.in पर जाएं.About Us पर क्लिक करें और ऑनलाइन सर्विसेस के तहत Udyam Registration चुनें.नए रजिस्ट्रेशन के लिए For New Entrepreneurs who are not Registered yet as MSME or those with EM-II पर क्लिक करें.फॉर्म में आवश्यक जानकारी भरें और जरूरी डॉक्यूमेंट सबमिट करें.
