रायपुर:- तकनीक का हाथ पकड़ कर तेजी से विकसित होती दुनिया के साथ भारत ने डिजिटल पेमेंट के क्षेत्र में जबरदस्त महारत हासिल की है. अब रेलवे भी इसी तकनीक को 1 अप्रैल से लागू करने जा रहा है.इससे एक तरफ यात्रियों को भुगतान में सुविधा होगी तो दूसरी ओर रेलवे में यात्रियों से होने वाली अवैध वसूली के आरोपों पर भी विराम लगेगा. अगर आप भी ट्रेन में यात्रा करते हैं तो यह खबर आपके लिए है. चलिए हम आपको बताते हैं कि 1 अप्रैल से रेलवे में क्या कुछ बदलाव होने जा रहा है.क्यूआर कोड स्कैन कर खरीद सकेंगे जनरल टिकट भीयात्रियों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए भारतीय रेलवे अगले महीने की पहली तारीख से ही पेमेंट के क्षेत्र में बड़ा बदलाव करने जा रही है. ऑनलाइन भुगतान को बढ़ावा देने के लिए रेलवे क्यूआर कोड स्कैनर की शुरुआत कर चुकी है. रेलवे की इस नई सेवा में लोग रेलवे स्टेशन पर मौजूद टिकट काउंटर पर क्यूआर कोड के जरिए भी भुगतान कर जनरल टिकट भी खरीद सकेंगे. इसमें Paytm, Google Pay और Phone Pay जैसे प्रमुख UPI मोड के जरिए भुगतान किया जा सकता है.ऑनलाइन जमा कर सकते हैं जुर्माना भीइसके अलावा डिजिटल पेमेंट को बढ़ावा देने के लिए रेलवे खाने से लेकर टिकट, जुर्माने और पार्किंग तक सभी जगह क्यूआर कोड स्कैनर की सुविधा शुरू कर रहा है. इस सुविधा के शुरू होने से जो यात्री बिना टिकट के यात्रा करते पकड़े जाएंगे, वे रेलवे स्टाफ के पास मौजूद विशेष डिवाइस के क्यूआर कोड स्कैन कर जुर्माना भर सकेगा.रेलवे के इस कदम से पैसेंजर को सुविधा होगी. साथ ही बिना टिकट यात्रा करते पकड़े जाने पर यात्री जुर्माना भी भर सकेंगे और जेल जाने से बच सकेंगे. इसके लिए रेलवे चेकिंग स्टाफ को हैंड हेल्ड टर्मिनल मशीन दिया गया है. टिकट चेकिंग स्टाफ के पास हैंड हेल्ड टर्मिनल मशीनें भेजी जा चुकीं हैं. इन मशीनों के जरिए टीटी किसी भी यात्री से जुर्माना वसूल सकेंगे.इन जगहों पर भी शुरू होगी ऑनलाइन भुगतानक्यूआर कोड स्कैन कर डिजिटल पेमेंट की इस सुविधा से रेलवे सिस्टम में पार्दर्शिता आएगी. साथ ही टिकट चेकिंग स्टाफ पर लगने वाले वसूली के आरोप भी कम होंगे. इसे और अधिक बढ़ावा देने के लिए रेलवे आने वाले समय में टिकट काउंटर, पार्किंग, फूड काउंटर्स पर भी क्यूआर कोड लगाएगा. कई जगहों पर इसकी शुरुआत भी पहले से हो चुकी है।
