नई दिल्लीः– पूरी दुनिया में 11वां विश्व योग दिवस मनाया जा रहा है। इस अवसर पर शनिवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी आंध्र प्रदेश में विशाखापत्तनम के बीच पर 3 लाख लोगों के साथ योग किया। इस मौके पर आंध्र प्रदेश के सीएम चंद्रबाबू नायडू, डिप्टी सीएम पवन कल्याण के साथ ही 40 देशों के राजनयिकों ने भी योग किया।
इस बार योग की थीम ‘एक पृथ्वी, एक स्वास्थ्य के लिए योग’ है। वहीं आंध्र प्रदेश सरकार ने भी योग आंध्र अभियान शुरू किया है। इसका उद्देश्य 10 लाख लोगों को रोजाना योग करने वाली कम्युनिटी से जोड़ना है।
योग दिवस के असवर पर देशभर में 1 लाख से ज्यादा स्थानों पर सामुहिक योग कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं। ये सभी सामुहिक योग कार्यक्रम ‘योग संगम’ के तहत किए जा रहे हैं। इसमें कम से कम 2 करोड़ लोगों के शामिल होने की संभावना है। इसी के साथ आंध्र प्रदेश सरकार गिनीज वर्ल्ड रिकॉर्ड बनाने की तैयारी में है। प्रोग्राम में 50 लाख से ज्यादा योग प्रमाणपत्र भी बांटे जाएंगे। इंडियन काउंसिल फॉर कल्चर रिलेशन्स के मुताबिक, 191 देशों में 1,300 जगहों पर 2,000 से ज्यादा योग कार्यक्रम आयोजित होंगे।
वहीं राजधानी दिल्ली में विदेश मंत्री एस जयशंकर और भाजपा अध्यक्ष व केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री जगत प्रकाश नड्डा (जेपी नड्डा) ने भी योग दिवस पर योग किया। विदेश मंत्री के साथ कई देशों के राजनयिकों ने योग किया।
योग स्वयं के प्रति जागरुक होने का माध्यमः जेपी नड्डा
केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री जेपी नड्डा ने कहा कि हम योग दिवस के 11वें वर्ष में प्रवेश कर रहे हैं। इन 10 वर्षों में न केवल भारत में बल्कि दुनिया भर में लोग योग के बारे में अधिक जागरूक हुए हैं। हमने यह भी देखा है कि योग ने लोगों को स्वास्थ्य, मानसिक स्वास्थ्य और चेतना में कैसे मदद की है। योग केवल एक और पीआरटी या शारीरिक व्यायाम नहीं है। यह एक मानसिक व्यायाम है। यह स्वयं के प्रति जागरूक होने का एक माध्यम है।
