आज इंसान वैज्ञानिक तौर पर इतना आगे निकल चुका है, वो ना सिर्फ धरती के रहस्य बल्कि अंतरिक्ष के रहस्यों को सुलझाने में जुट गया है. जिससे जीवन को और आसान बनाया जा सके. यही कारण है कि आए दिन इंटरनेशनल स्पेस स्टेशन में कोई ना कोई प्रयोग होता रहता है. जिससे धरती पर से निर्भरता को खत्म किया जा सके. हाल के दिनों में एक ऐसा ही प्रयोग चर्चा में आया है. जिसने हर किसी को हैरान कर रखा है. दरअसल वैज्ञानिकों ने बिना गुरुत्व के माहौल में सलाद पैदा किया है.अपने इस प्रयोग में ना केवल वैज्ञानिक सफल हुए बल्कि ये अब नासा के एस्ट्रोनॉट्स के भोजन में भी शामिल हो चुका है. वैसे ये इस सलाद को लेकर एक नया प्रयोग भी किया गया है. जिसमें यह बताया गया कि स्पेस में उगाई गई सलाद आगे चलकर एस्ट्रोनॉट्स को दिक्कत दे सकती है.
इस अध्यन को साइंटिफिक रिपोर्ट में पब्लिश किया गया है. जिसमें स्पेस के माइक्रोग्रैविटी के माहौल में हरी पत्तियों वाली सलाद से जुड़े हुए जोखिमों का जिक्र किया गया है.बताते चले कि तीन साल से अंतरिक्ष पैदा की जा रही लेट्यूस को वहां के एस्ट्रोनॉट्स के मेन्यू में शामिल किया जा रहा है. जिसे एक स्पेस स्टेशन के खास माहौल में खास चेंबर बनाकर तैयार किया जा रहा है. इसको लेकर अब जो स्टडी सामने आई है उसमें ये दावा किया गया है कि इस सलाद में बैक्टीरिया का संक्रमण काफी तेजी से होता है. जो एस्ट्रोनॉट्स के लिए सेहत के लिए खतरा हो सकते हैं
इस स्टडी में पाया गया कि सूक्ष्मगुरुत्व के माहौल में पनपे पौधों में सालमोनेला से विकसित होने वाले सलाद से संक्रमित होने की संभावना अधिक हो जाती है. अब ये खतरनाक इसलिए है क्योंकि पत्तियों के सांस लेने की सुविधा नहीं है. वह हमेशा ही खुली रहती है. इससे संक्रमित कीटाणु उसके अंदर आसानी से जा सकते हैं. इस प्रकिया को स्टोमैटा कहा जाता है. हालांकि पृथ्वी पर यही स्टोमैटा रात के समय बंद हो जाता है.
