भोपाल :- जमीयत उलेमा-ए-हिन्द के कार्यक्रम में बोलते हुए उलेमा के प्रमुख मौलाना अरशद मदनी ने कहा, “मैंने धर्म गुरु से पूछा जब कोई नहीं था, न श्री राम, न ब्रह्म, तब मनु किसे पूजते थे? कुछ लोग बताते हैं कि वे ओम को पूजते थे तब मैंने कहा कि इन्हें ही तो हम अल्लाह, आप ईश्वर, फारसी बोलने वाले खुदा और अंग्रेजी बोलने वाले गॉड कहते हैं.”
रविवार को दिल्ली के रामलीला मैदान में जमीयत उलेमा-ए-हिंद के 34वें अधिवेशन के आखिरी दिन उलेमा प्रमुख मौलाना अरशद मदनी के बयान के बाद मंच में खलबली मच गई. मदनी के बयान से नाराज होकर संतों ने विरोध स्वरूप मंच छोड़ दिया.
मंच को संबोधित करते हुए मदनी ने कहा, बड़े-बड़े धर्मगुरुओं से पूछा, जब न श्रीराम थे, न शिव थे. तब लोग पूछते थे मनु किसे पूजते थे. तब बहुत कम लोग बताते हैं वो ओम को पूजते थे. तब लोगों ने पूछा ओम क्या है? ओम को लोग हवा कहते थे. उसका कुछ रंग नहीं है, कोई रूप नहीं है.