नई दिल्ली:- पलामू और छोटानागपुर के पहाड़ी क्षेत्र में अनेकों प्रकार के जीव होते है. जो बरसात के दिनों में देखने को मिलते है. सर्प मित्र डॉ० डी एस श्रीवास्तव ने लोकल18 से कहा कि बरसात के मौसम में लोग सांप जैसा दिखने वाले किसी भी जीव को पहले मार देते है.
इसके बाद में देखते है कि वास्तव में ये सांप है भी या नहीं.एक अपभ्रंस ये भी फैला है. केंचुआ जैसा दिखने वाला जीव में सांप से ज्यादा जहर होता है. जो अगर काट ले तो इंसान की तुरंत मृत्यु हो जायेगी.मगर ऐसा बिल्कुल नहीं है. ये लोगों के मन में भ्रम है.
केंचुआ जैसा दिखने वाला जीव छिपकली जात का एक जीव है. जिसे लोग तेलिया सांप से जानते है. इसमें जहर नहीं होता है. इसे लोग नहीं मारे. ये एक प्रकृति देन है.
जो आपके इलाके में मौजूद है. सांप का छोटा बच्चा सांप जैसा हीं होगा. करैत का छोटा बच्चा करैत जैसा होगा. ये सांप का छोटा बच्चा नहीं है. छिपकली जात का तेलिया सांप से इंसानों को कोई नुकसान नहीं होता है.
इसमें कोई जहर होता है .ये प्रकृति देन है. इसे ध्यान से छोटा छोटा आकार होता है. जिसकारण ये केंचुआ जैसा दिखता है. मगर ये सांप जैसा चलता है. जिस कारण लोग इसे सांप समझकर मार देते है.
