मध्यप्रदेश:- आजकल हमारा खाना-पीना, सोना-जगना हर चीज का टाइम बदल गया है. बिजी शेड्यूल की वजह से खाने का कोई फिक्स समय नहीं है। जिसका असर सेहत पर पड़ रहा है.आजकल बहुत से लोग रात में काफी देर से खाते हैं, जिसकी वजह से कई दिक्कतें बढ़ रही हैं. एक्सपर्ट्स का कहना है कि रात में देर से डिनर करने की वजह से सोना भी देर से हो पा रहा है. ऐसे में नींद पूरी नहीं हो पा रही है और फिजिकल-मेंटल हेल्थ जैसी कई समस्याएं हो सकती हैं. इसलिए लेट लाइन डिनर अवॉयड ही करना चाहिए. यहां जानिए इसके नुकसान…बिंज वाचिंग बनी बड़ी वजह इन दिनों बिंज वाचिंग यानी की देर रात तक ओटीटी पर फ़िल्में और वेब सीरीज देखने का ट्रेंड तेजी से बढ़ा है. इस वक्त ना चाहते हुए भी लोगों को भूख लगती है और देर रात जंक फूड या फिर कुछ खाने की आदत पड़ जाती है. इसके अलावा लेट नाइट पार्टी में भी लोग देर से खाना खाते हैं जो सीधा सेहत को नुकसान पहुंचा सकता है. जबकि हेल्थ एक्सपर्ट्स और डाइटिशियन इस बात की सलाह देते हैं कि शाम 7 के बाद खाना नहीं खाना चाहिए क्योंकि देर रात खाना खाने से खाना पचता नहीं है और तरह तरह की बीमारियों की वजह बनता है.देर से खाने के नुकसान1. वजन बढ़ सकता हैहार्वर्ड के शोधकर्ताओं ने एक स्टडी में पाया कि रात में तय समय से चार घंटे बाद डिनर करने से भूख का लेवल में महत्वपूर्ण अंतर आ जाता है. रात में मेटाबॉलिक दर कम होती है, जिससे खाना पचाने के लिए समय नहीं मिल पाता है. मेटाबॉलिज्म में होने वाली परेशानियों की वजह से वजन बढ़ सकता है.2. भूख वाले हार्मोन्स प्रभावित हो सकते हैंशोधकर्ताओं का कहना है कि देर से खाने से भूख कंट्रोल करने वाला लेप्टिन और घ्रेलिन हार्मोन प्रभावित होता है, जो खाने की इच्छा को कम करता है. देर रात खाने से इन दोनों ही हार्मोन पर नकारात्मक असर देखा गया है, जो परेशआनी का सबब बन सकता है. इसकी वजह से कैलोरी इंटेक बढ़ जाता है और मोटापे की समस्या हो सकती है.रात में खाने का सही समय क्या हैहेल्थ एक्सपर्ट्स के अनुसार, रात के खाने के बाद कम से कम 12 घंटे बाद ही कुछ खाना चाहिए. रात में 8-9 बजे तक खाना खा लेना चाहिए. डिनर-ब्रेकफास्ट के बीच 12 घंटे का गैप जरूरी होता है. सही समय पर डिनर करने से और सोने से सर्केडियन रिदम ठीक रहता है. समय पर खाने और सोने से सेहत दुरुस्त बना रहता है.
