नई दिल्ली:- पृथ्वी के 16 देशों, भारत के आठ राज्यों सहित मध्य प्रदेश के 14 जिलों से होकर उत्तरी गोलार्द्ध में खींची गई काल्पनिक कर्क रेखा पर शुक्रवार को साल की खास खगोलीय घटना दिखाई देने वाली है।
सूर्यदेव हो जाएंगे दक्षिणायन
सूर्य कर्क रेखा पर पहुंचकर अपनी उत्तरायण यात्रा पूरी करने जा रहा है। इसके बाद यह अपनी वापसी दक्षिणायन यात्रा आरंभ करेगा। नेशनल अवार्ड प्राप्त विज्ञान प्रसारक सारिका घारू ने बताया कि इस खगोलीय घटना के कारण उत्तरी गोलार्द्ध के नगरों में दिन सबसे लंबा और रात सबसे छोटी अवधि की होगी। इस घटना को समर सोलेस्टिस कहते हैं।
21 जून को शून्य छाया दिवस
सारिका ने बताया कि कर्क रेखा पर स्थित नगरों में सूर्य के लंबवत होने के कारण किसी भी वस्तु की छाया दोपहर में उसके आधार के नीचे बनेगी, जिससे लगेगा कि छाया गायब हो गई। कर्क रेखा के नगरों के लिए आज शून्य छाया दिवस होगा।
खगोलीय उत्तरायण के अंतिम पड़ाव पर पहुंचने की इस घटना को अंतरराष्ट्रीय योग दिवस के रूप में भी मनाया जाता है। गुरुवार रात की शुरुआत भी बेहद खास होगी। पश्चिम में सूर्य के ढ़लते ही पूर्वी आकाश में पूनम का चंद्रमा उदय होगा। इसे स्ट्रॉबेरी मून नाम दिया गया है, जो कि पश्चिमी देशों में इस समय पकने वाली जंगली स्ट्रॉबेरी के कारण रखा गया है। लगभग हर 20 साल में स्ट्रॉबेरी मून और समर सोल्स्टिस की घटना एक साथ होती है।
कर्क रेखा पर स्थित भारत के राज्य
गुजरात
राजस्थान
मध्यप्रदेश
छत्तीसगढ़
झारखंड
पश्चिमी बंगाल
त्रिपुरा
मिजोरम
कर्क रेखा पर स्थित मप्र के जिले
रतलाम, उज्जैन, आगर मालवा, सीहोर
भोपाल, राजगढ़, विदिशा, रायसेन
सागर, दमोह, कटनी, जबलपुर
उमरिया और शहडोल
आज 21 जून को दिन की अवधि
भोपाल में 21 जून को दिन की अवधि 13 घंटे 34 मिनट और 01 सेकंड होगी।
नर्मदापुरम में 21 जून को दिन की अवधि 13 घंटे 31 मिनट और 53 सेकंड होगी।
बैतूल में 21 जून को दिन की अवधि 13 घंटे 28 मिनट और 22 सेकंड होगी।
