दिल्ली:- आम आदमी पार्टीके साथ गठबंधन के विरोध में कांग्रेस की दिल्ली इकाई के प्रमुख अरविंदर सिंह लवली के इस्तीफे ने पार्टी की अंदरूनी कलह को खुलकर सामने ला दिया है. अब डीपीसीसी सूत्रों के हवाले से खबर यह है कि लवली की ओर से अध्यक्ष पद से इस्तीफा देने के बाद दिल्ली के पूर्व विधायक देवेंद्र यादव और राजेश लिलोठिया प्रदेश कांग्रेस प्रमुख पद के संभावित दावेदार हैं. वहीं, कुछ लोगों का मानना है कि इस पद के लिए अभिषेक दत्त के नाम पर भी विचार किया जा सकता है.
दरअसल, कांग्रेस नेता अरविंदर सिंह लवली ने शनिवार 28 अप्रैल को डीपीसीसी अध्यक्ष पद से अपना इस्तीफा पार्टी प्रमुख मल्लिकार्जुन खड़गे को सौंप दिया था. उन्होंने अपने पत्र में वजह का जिक्र करते हुए कहा कि दिल्ली कांग्रेस इकाई गठबंधन के खिलाफ थी, लेकिन पार्टी आलाकमान गठबंधन करने का फैसला लिया. अपने त्याग पत्र में लवली ने यह भी कहा कि ऐसी स्थिति में उन्होंने खुद को अहसाय पाया. दिल्ली इकाई के वरिष्ठ नेताओं द्वारा लिए गए सभी सर्वसम्मत निर्णयों को एआईसीसी दिल्ली प्रभारी दीपक बाबरिया ने एकतरफा वीटो कर दिया.
लवली को निष्कासित करने की मांग
डीपीसीसी के पूर्व प्रमुख अनिल चौधरी ने सोमवार को मल्लिकार्जुन खरगे से लवली को पार्टी से निकालने का आग्रह किया. उन्होंने एक्स पोस्ट पर लिखा कि लवली ने जो किया वह बहुत दुर्भाग्यपूर्ण है. उन्होंने आरोप लगाया कि जिस तरह सूरत में कांग्रेस उम्मीदवार नीलेश खुमानी ने बीजेपी के साथ मिलकर उन्हें वॉकओवर दिया, लवली ने भी बीजेपी के साथ मिलकर ऐसा ही किया है. मैं अपने नेता खरगे जी और संगठन महासचिव केसी वेणुगोपाल जी से अपील करता हूं कि वह अरविंदर सिंह लवली को तत्काल प्रभाव से पार्टी से निष्कासित करें.
संजय सिंह ने की तारीफ
आप नेता संजय सिंह ने कांग्रेस के साथ पार्टी के लोकसभा चुनाव गठबंधन के लिए सोमवार को लवली की सराहना की. सिंह ने यहां एक संवाददाता सम्मेलन में कहा कि राष्ट्रीय राजधानी में कांग्रेस के साथ उनकी पार्टी के लोकसभा चुनाव गठबंधन का श्रेय भी लवली को जाता है. मैं यह जिम्मेदारी के साथ कहता हूं कि लवली ने कांग्रेस के साथ हमारे गठबंधन में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई. राज्यसभा सांसद से कांग्रेस नेता के पार्टी पद से इस्तीफे पर टिप्पणी मांगी गई तो उन्होंने कहा मुझे उनके विपरीत विचारों के कारणों की जानकारी नहीं है.
AAP नेता की टिप्पणी पर अरविंदर लवली का जवाब
आप सांसद संजय सिंह की टिप्पणी के जवाब में अरविंदर सिंह लवली ने पीटीआई-भाषा से कहा, ‘संजय सिंह एक अच्छे इंसान हैं, लेकिन मुझे लगता है कि वह अभी भी सदमे में हैं. जेल से बाहर आने के बाद भी वह सामान्य नहीं हो पाये हैं.’ जब अप्रैल में इंडिया ब्लॉक का गठन हुआ, तो मैं दिल्ली कांग्रेस का अध्यक्ष नहीं था. उन्होंने कहा जब बेंगलुरु में ब्लॉक की दूसरी बैठक हुई तो मैं अध्यक्ष भी नहीं था. लवली ने मुंबई में तीसरी बैठक के दौरान भी वह अध्यक्ष नहीं थे. उन्होंने कहा जब वह अध्यक्ष बने तो दुर्भाग्य से सिंह को जेल भेज दिया गया. उन्हें संजय को कैसे पता चला कि मैं गठबंधन का वास्तुकार था? उन्होंने कहा इसका मतलब है कि जेल में कोई था, जो उसे बाहर लाता था.
