रायपुर: नियमितीकरण समेत विभिन्न मांगो को लेकर छत्तीसगढ़ में इन दिनों संविदा कर्मियों में घमासान छिड़ा हुआ हैं। इसी तरह संविदा के अनियमित कर्मचारी भी सरकार पर दबाव बनाने और अपनी डिमांड पूरी कराने भूख हड़ताल पर बैठे हैं। एक दिन पहले इस हड़ताल की वजह से दो आंदोलनकारी धरना स्थल पर ही बेहोश हो गये थे जिन्हे आनन-फानन में अस्पताल भेजा गया तो वही आज नियमित महिला स्वास्थ्य संविदा कर्मियों ने अपनी मांगो को लेकर खून का सहारा लिया हैं।
तीसरी बार छत्तीसगढ़ पहुंचेंगे गृह मंत्री अमित शाह, राजधानी में BJP की चुनावी रणनीतियों पर होगी हाईलेवल मीटिंगदरअसल अनियमित महिला कर्मचारियों ने अब अपनी मांगो से कांग्रेस के दो शीर्ष नेताओ राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे और पूर्व सांसद राहुल गाँधी को अवगत कराया हैं। लेकिन इसके लिए उन्होंने आम रास्ता नहीं चुना बल्कि इन्हे अपने खून से खत लिखकर भेजा है। इसके अलावा उन्होंने ऐसा ही पत्र मुख्यमंत्री भूपेश बघेल और भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस यानी एआईसीसी दिल्ली को भी प्रेषित किया हैं।
इस वक़्त तीन अलग-अलग संगठन राज्य सरकार से अपनी मांगो को लेकर राजधानी समेत विभिन्न जिलों में लगातार धरना प्रदर्शन कर रहे हैं। इनमे शिक्षकों का संयुक्त संघ, संविदा कर्मचारी संघ और विभिन्न विभागों में कार्यरत अनियमित कर्मचारी संघ शामिल हैं। यूनियन नेताओं का दावा हैं कि कांग्रेस सरकार ने अपने घोषणा पत्र में नियमितीकरण को लेकर बड़ा ऐलान किया था ऐसे में आचार संहिता प्रभावी होने वाला है और चुनाव नजदीक हैं।
