Close Menu
Tv36Hindustan
    Facebook X (Twitter) Instagram
    Facebook X (Twitter) Instagram Vimeo
    Tv36Hindustan
    Subscribe Login
    • समाचार
    • छत्तीसगढ
    • राष्ट्रीय
    • नवीनतम
    • सामान्य
    • अपराध
    • स्वास्थ्य
    • लेख
    • मध्य प्रदेश
    • ज्योतिष
    Tv36Hindustan
    Home » रेप और मर्डर में फांसी की सजा उम्रकैद में क्यों बदली? सुप्रीम कोर्ट ने कही यह बात
    राष्ट्रीय

    रेप और मर्डर में फांसी की सजा उम्रकैद में क्यों बदली? सुप्रीम कोर्ट ने कही यह बात

    By Tv 36 HindustanMay 14, 2022Updated:May 14, 2022No Comments3 Mins Read
    WhatsApp Facebook Twitter Pinterest LinkedIn VKontakte Email Tumblr
    Share
    WhatsApp Facebook Twitter LinkedIn Pinterest Email

    नई दिल्ली: सुप्रीम कोर्ट ने शुक्रवार को मध्य प्रदेश में 2014 में अपनी चचेरी बहन की 8 वर्षीय बेटी के साथ बलात्कार और उसकी हत्या करने वाले एक दोषी की मौत की सजा को उम्रकैद में बदल दिया. शीर्ष अदालत ने अपनी टिप्पणी में कहा कि जिस तरह से अपराध किया गया था, वह शैतानी और भीषण था. लेकिन यह ‘दुर्लभ से दुर्लभतम मामलों’ की श्रेणी में नहीं आता. जस्टिस एएम खानविलकर, दिनेश माहेश्वरी और सीटी रविकुमार की बेंच ने दोषी की मौत की सजा को उम्रकैद में बदलते हुए कहा कि 30 साल जेल में बिताने से पहले उसे छूट नहीं दी जाएगी.

    सुप्रीम कोर्ट की 3 जजों की बेंच ने कहा, ‘इस तथ्य को ध्यान में रखते हुए कि मामले में 8 साल की एक बेबस बच्ची, जो कोई और नहीं बल्कि अपीलकर्ता की चचेरी बहन की बेटी थी. उसके साथ बलात्कार के बाद हत्या कर दी गई. रिकॉर्ड पर मौजूद सबूतों से यह घटना बेहद क्रूर मालूम पड़ती है. हमारा सुविचारित मत है कि स्वामी श्रद्धानन्द के मामले में निर्णय में अपनाई गई और श्रीहरन के मामले में दोहराई गई प्रक्रिया को इस मामले में अपनाया जाना चाहिए. दूसरे शब्दों में, मृत्युदंड को कम करते हुए भी, अपीलकर्ता को पर्याप्त अवधि के लिए समय से पहले रिहाई/छूट के प्रावधानों को लागू किए बिना आजीवन कारावास की सजा दी जानी चाहिए.’

    इस प्रकार सुप्रीम कोर्ट ने दोषी को आईपीसी की धारा 302 के तहत दंडनीय अपराध के लिए आजीवन कारावास की सजा सुनाई. शीर्ष अदालत ने दोषी को 30 (तीस) साल की अवधि के लिए वास्तविक कारावास की सजा दी और कहा कि इससे पहले रिहाई/छूट के प्रावधान लागू नहीं होंगे. अदालत ने कहा कि तथ्य यह है कि दोषी का कोई आपराधिक इतिहास नहीं था और वह एक खराब सामाजिक-आर्थिक पृष्ठभूमि से था. जेल के अंदर उसका बेदाग आचरण भी सजा सुनाते समय ध्यान में रखा गया.

    सुप्रीम कोर्ट ने कहा, ‘यह भी एक तथ्य है कि अपराध करने के समय दोषी की आयु 25 वर्ष थी. इसलिए, उपरोक्त पहलुओं को ध्यान में रखते हुए हमें अपीलकर्ता के सुधार और पुनर्वास की संभावना से इनकार करने का कोई कारण नहीं मिलता है. चर्चा की लंबी और छोटी बात यह है कि वर्तमान मामले को ‘दुर्लभ से दुर्लभतम मामलों’ की श्रेणी में नहीं रखा जा सकता है, जिसमें मौत की सजा देने के अलावा कोई विकल्प न हो.’ आपको बता दें कि स्थानीय कोर्ट ने दोषी को इस मामले में मौत की सजा सुनाई थी, जिसके खिलाफ उसने सुप्रीम कोर्ट में याचिका दायर की थी.

    Post Views: 0

    Share. WhatsApp Facebook Twitter Pinterest LinkedIn Email Tumblr
    Previous Articleये क्या : भारत ने तत्काल प्रभाव से गेहूं के निर्यात पर लगाई रोक…जानें- क्या है वजह…
    Next Article सुसाइड या मर्डर : जन्मदिन के दिन हुई एक्ट्रेस की रहस्यमयी हालत में मौत, सहम उठा फिल्म जगत, पति पर शक…
    Tv 36 Hindustan
    • Website

    Related Posts

    प्रदेश में नर्सिंग भर्ती में पुरुषों को राहत, हाई कोर्ट ने कहा- सिर्फ महिलाओं को ही आरक्षण देना गलत, पुरुषों को भी करें शामिल…

    April 18, 2026

    पेट्रोल-डीजल का खेल खत्म मिडिल क्लास के लिए बड़ा बदलाव, नई कार खरीदने से पहले जान लें ये नियम…

    April 18, 2026

    इन जगहों पर छिपकली गिरना माना जाता है शुभ धन लाभ के लिए करें ये उपाय…

    April 18, 2026

    सावधान भीषण गर्मी में कहीं आप भी तो नहीं कर रहे ये गलतियां इन्हें नजरअंदाज करना पड़ सकता है भारी

    April 18, 2026

    Comments are closed.

    Ads
               
               
    × Popup Image
    -Ads-
    -ADS-
    Ads
    -Ads-
    Ads
    Ads
    About
    About

    tv36hindustan is a News and Blogging Platform. Here we will provide you with only interesting content, and Valuable Information which you will like very much.

    Editor and chief:- RK Dubey
    Marketing head :- Anjali Dwivedi
    Address :
    New Gayatri Nagar,
    Steel Colony Khamardih Shankar Nagar Raipur (CG).

    Email: tv36hindustan01@gmail.com

    Mo No. +91 91791 32503

    Recent Posts
    • प्रदेश में नर्सिंग भर्ती में पुरुषों को राहत, हाई कोर्ट ने कहा- सिर्फ महिलाओं को ही आरक्षण देना गलत, पुरुषों को भी करें शामिल…
    • पेट्रोल-डीजल का खेल खत्म मिडिल क्लास के लिए बड़ा बदलाव, नई कार खरीदने से पहले जान लें ये नियम…
    • इन जगहों पर छिपकली गिरना माना जाता है शुभ धन लाभ के लिए करें ये उपाय…
    • सावधान भीषण गर्मी में कहीं आप भी तो नहीं कर रहे ये गलतियां इन्हें नजरअंदाज करना पड़ सकता है भारी
    • यह लोग नारी शक्ति को फॉर ग्रांटेड ले रहे हैं राष्ट्र के नाम संबोधन के जरिए विपक्ष पर हमला…
    Pages
    • About Us
    • Contact us
    • Disclaimer
    • Home
    • Privacy Policy
    Facebook X (Twitter) Instagram Pinterest
    © 2026 tv36hindustan. Designed by tv36hindustan.

    Type above and press Enter to search. Press Esc to cancel.

    Sign In or Register

    Welcome Back!

    Login to your account below.

    Lost password?