भारत में जहां 39 परसेंट लोग वेजिटेरियन हैं तो वहीं नॉनवेज खाने वाले बड़ी संख्या में हैं. अब बात कर लेते हैं घूमने-फिरने की जो ज्यादातर लोगों को पसंद होता है, लेकिन अगर आप नॉनवेज के शौकीन हैं और ट्रिप पर भी आप अपने से शौक को पूरा किए बिना नहीं रह पाते हैं तो जान लें कि वो कौन से शहर हैं जहां पर आप परेशान हो सकते हैं यानी भारत के ऐसा शहर जहां आपको नॉनवेज ढूंढने से भी नहीं मिलेगा.नॉनवेज खाना बेहद पसंद है और हर रोज या फिर हफ्ते में कम से कम तीन दिन तो आप नॉनवेज खाते ही हैं तो जान लें कुछ ऐसे शहरों के बारे में जहां जाने पर आपको नॉनवेज नहीं मिलने वाला या फिर इसके लिए आपको काफी मशक्कत करनी पड़ सकती है.
तो चलिए जान लेते हैं.
गुजरात का पालिताना या पालिताणा शहरवैसे तो गुजरात को वहां के स्वादिष्ट व्यंजनों और व्यापार के लिए जाना जाता है, लेकिन इसके अलावा यहां पर घूमने की भी कई बेहतरीन जगह हैं. गुजरात के भावनगर जिले में मौजूद शहर पालिताना में आपको नॉनवेज मशक्कत करने के बाद भी नहीं मिलेगा, क्योंकि यह मंदिरों का शहर कहलाता है और जैन धर्म मानने वालों के लिए यह बेहद खास जगह है. जानकारी के मुताबिक यहां पर मांसाहारी चीजों पर बैन लगा हुआ है
.कृष्ण की नगरी वृंदावन-मथुरावृंदावन भगवान श्रीकृष्ण की नगरी है और ज्यादातर भक्तों का ही आना जाना होता है, इसलिए इस शहर में हर जगह आपको ज्यादातर छोटे से बड़े रेस्टोरेंट में आपको वेजिटेरियन खाना ही परोसा जाता है और नॉनवेज नहीं मिलेगा. वहीं मथुरा में भी नॉनवेज नहीं मिलता है.
हरिद्वार और ऋषिकेशमां गंगा की नगरी हरिद्वार अध्यात्म और आस्था का केंद्र है. इसी तरह से ऋषिकेश में भी ज्यादातर लोग आध्यात्मिक शांति के लिए जाते हैं. इन दोनों ही शहरों में आपको ज्यादातर शाकाहारी खाना ही मिलेगा. खासतौर पर आपको उन जगहों के आसपास बिल्कुल भी ये मांसाहारी चीजें नहीं मिलेंगी जहां पर भक्तों का आना-जाना रहता है
.शिव की नगरी वाराणसीगंगा के खूबसूरत घाटों से सजी वाराणसी नगरी भगवान शिव के भक्तों के लिए आस्था का केंद्र हैं, लेकिन यहां की सुंदरता भी पर्यटकों को इस शहर में खींच लाती है. वाराणसी भी एक ऐसी जगह है जहां दूर-दूर तक आपक नॉनवेज का नामो-निशान नहीं मिलेगा.
साउथ इंडिया के इस शहर में भी नहीं मिलता नॉनवेजदक्षिण भारतीय राज्य तमिलनाडु के शहर मदुरै में भी ज्यादातर हर जगह शाकाहारी खाना ही मिलता है, क्योंकि यहां पर लोगों की आस्था का केंद्र मीनाक्षी सुंदरेश्वर मंदिर है. इसके अलावा यहां पर कई अन्य प्राचीन मंदिर भी बने हुए हैं.
