: 24 और 22 कैरेट सोने के बारे में हर कोई जानता है लेकिन क्या आप वर्चुअल गोल्ड के बारे में समझ रखते हैं, आखिर ये क्या होता है और इसके क्या फायदे हैं. पिछले 10 सालों में वर्चुअल गोल्ड की मांग काफी बढ़ी है. दरअसल, वर्चुअल गोल्ड, सोने की कोई किस्म नहीं बल्कि एक सुविधा है. वर्चुअल गोल्ड को ई-गोल्ड भी कहा जाता है. इसमें सोने के गहने या सिक्के खरीदने के बजाय इनमें ऑनलाइन निवेश किया जाता है. आइये आपको बताते हैं वर्चुअल गोल्ड के फायदे
फिजिकल गोल्ड की तुलना में डिजिटल या वर्चुअल गोल्ड को आप आसानी से घर बैठे खरीद और बेच सकते हैं.चोरी का डर नहीं, हिफाजत की जरूरत नहींचूंकि, वर्चुअल गोल्ड, फिजिकल फॉर्म में नहीं होता है इसलिए इसके चोरी का डर नहीं होता है. ऐसे इसकी सिक्योरिटी और स्टोरेज की चिंता भी नहीं रहती है.कोई मेकिंग चार्ज नहींजब भी सोने के जेवर खरीदते हैं तो उस पर मेकिंग चार्ज देना होता है लेकिन डिजिटल गोल्ड के साथ ऐसा कुछ नहीं होता है इसलिए मेकिंग चार्ज का पैसा बच जाता है.पूरी पारदर्शिता, ठगी का डर नहींआमतौर पर, सोने में मिलावट और ठगी का डर रहता है लेकिन वर्चुअल गोल्ड में ऐसा कुछ नहीं होता है.
क्योंकि, यह इलेक्ट्रिक रूप में खरीदा जाता है.आसानी-से कंवर्जनडिजिटल गोल्ड खरीदने का एक फायदा यह भी है कि आप भविष्य में चाहें तो इसे फिजिकल गोल्ड में परिवर्तित करा सकते हैं. यानी आप अपने डिजिटल सोने के बदले सोने के सिक्के या छड़ ले सकते हैं.कैसे खरीदें डिजिटल गोल्डडिजिटल या वर्चुअल गोल्ड में आप कई स्कीम्स गोल्ड बॉन्ड, गोल्ड ईटीएफ, गोल्ड म्यूचुअल फंड आदि के जरिए निवेश कर सकते हैं. खास बात है सरकार समर्थिक सॉवरेन गोल्ड बॉन्ड में रिटर्न के साथ-साथ सालाना ब्याज भी मिलता है.
