छत्तीसगढ़:– राजधानी रायपुर का शहीद वीर नारायण सिंह इंटरनेशनल स्टेडियम अब वनडे और टी-20 मैचों के बाद टेस्ट मैचों की मेजबानी के लिए तैयार है। स्टेडियम को बीसीसीआई को सौंपने की प्रक्रिया अंतिम चरण में है। सरकार और बोर्ड के बीच कागजी कार्यवाही पूरी हो चुकी है, अब केवल अंतिम जांच शेष है।
बीसीसीआई को सौंपने की प्रक्रिया
छत्तीसगढ़ क्रिकेट संघ (CSCS) के डायरेक्टर विजय शाह ने बताया कि स्टेडियम को CSCS के माध्यम से बीसीसीआई को लीज पर सौंपने की औपचारिकताएं लगभग पूरी हो चुकी हैं। इसके बाद स्टेडियम की देखभाल और अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट आयोजनों की जिम्मेदारी बीसीसीआई को मिल जाएगी।
सरकार को भी मिलेगा फायदा
लीज पर देने से प्रदेश सरकार का मेंटेनेंस खर्च बचेगा और बीसीसीआई के माध्यम से स्टेडियम को अधिक अंतरराष्ट्रीय मैचों की मेजबानी का अवसर मिलेगा। बीसीसीआई के अधिकारियों ने पहले ही स्टेडियम का प्रशिक्षण लिया है। इस वर्ष स्टेडियम को दो और अंतरराष्ट्रीय मैचों की मेजबानी मिली है – दिसंबर 2025 में वनडे (दक्षिण अफ्रीका) और जनवरी 2026 में टी-20 (न्यूजीलैंड)।
टेस्ट मैचों के लिए जरूरी औपचारिक हस्तांतरण
बीसीसीआई की रोटेशन पॉलिसी के अनुसार, वनडे और टी-20 मैच उन स्टेडियमों में भी हो सकते हैं जो बोर्ड के अधीन नहीं हैं। लेकिन टेस्ट मैच केवल उन स्टेडियमों में हो सकते हैं जो औपचारिक रूप से बीसीसीआई को सौंपे गए हों। बीसीसीआई के संयुक्त सचिव प्रभतेज सिंह भाटिया ने कहा कि आईसीसी नियमों के तहत, रोटेशन पॉलिसी में शामिल न होने वाले स्टेडियमों को प्राथमिकता नहीं दी जाती।
