नई दिल्ली:– राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (शरदचंद्र पवार) के राष्ट्रीय प्रवक्ता नसीम सिद्दीकी ने कांग्रेस नेता प्रियंका गांधी के हालिया ‘गोमूत्र विशेषज्ञ’ वाले बयान का बचाव करते हुए सिद्दीकी ने कहा कि विज्ञान प्रयोगों और तथ्यों पर आधारित होता है, न कि किसी भावनात्मक विषय या अंधविश्वास पर। उन्होंने स्पष्ट किया कि अगर भारत का कोई वैज्ञानिक ऐसी बातें करता है तो इससे अंतरराष्ट्रीय स्तर पर देश की छवि प्रभावित होती है।
वैज्ञानिक बातें करें, अंधविश्वास से देश आगे नहीं बढ़ेगा
नसीम सिद्दीकी ने कहा कि अगर प्रियंका गांधी के इस बयान की निष्पक्ष जांच की जाए, तो इसका विरोध करने वाले वही लोग हैं जो किसी न किसी रूप में भाजपा से जुड़े हुए हैं। कोई भी सच्चा वैज्ञानिक गोमूत्र की वकालत नहीं कर सकता।
शरद पवार गुट के नेता नसीम सिद्दीकी ने आगे कहा कि अगर बाबा रामदेव गोमूत्र का प्रचार करते हैं तो ठीक है, लेकिन अगर भारत का कोई वैज्ञानिक गोमूत्र के बारे में बात करता है तो इससे दुनिया में भारत की बदनामी होती है। लोग भारत को अलग नजरिए से देखते हैं। वे कहते हैं कि दुनिया विज्ञान की बात कर रही है, जबकि भारत के लोग अभी भी गोमूत्र और गोबर में उलझे हुए हैं। इससे देश की तरक्की में मदद नहीं मिलेगी।
UP में डिंपल यादव के सीएम चेहरे का स्वागत करेंगे
सांसद डिंपल यादव को उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री पद के चेहरे के तौर पर दिखाने वाले बैनर पर नसीम सिद्दीकी ने कहा कि यह बहुत खुशी की बात है। अगर कोई महिला उत्तर प्रदेश की मुख्यमंत्री बनती है, तो राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी इसका स्वागत करेगी। अगर इस देश में किसी ने महिलाओं को आगे बढ़ाने और उन्हें आरक्षण देने की पहल की, तो वे हमारे शरद पवार थे। हमने हमेशा महिलाओं के उत्थान और उनके अधिकारों के लिए लड़ाई लड़ी है। अगर कोई महिला उत्तर प्रदेश या महाराष्ट्र की मुख्यमंत्री बनती है, तो हम उसका स्वागत करेंगे।
आतंकवाद का कोई धर्म नहीं होता: नसीम सिद्दीकी
कुलगाम में हुए आतंकी हमले को लेकर नसीम सिद्दीकी ने कहा कि जब भी पहले जम्मू-कश्मीर में कोई हमला हुआ तो यही आरोप लगाया गया कि आतंकवादियों ने लोगों का धर्म पूछकर उनकी हत्या की। आतंकवाद का कोई धर्म नहीं होता। घायलों की मदद करने वाले भी मुस्लिम समुदाय के ही लोग थे। यह ध्रुवीकरण की राजनीति करने की एक साजिश है।
शरद पवार गुट के नेता नसीम सिद्दीकी ने मीडिया से भी अपील करते हुए कहा, “मैं मीडिया से अच्छे कामों को दिखाने के लिए कहूंगा। जुनैद नाम के एक लड़के ने दिल्ली के जंतर-मंतर पर एक महीने तक लोगों को खाना खिलाने में करोड़ों रुपए खर्च किए। किसी भी मीडिया ने उसे नहीं दिखाया, क्योंकि वह अब्दुल था।”
संसद में विरोध प्रदर्शन को लेकर क्या बोले नसीम सिद्दीकी?
राहुल गांधी और तीन सांसदों के खिलाफ संसद में विरोध प्रदर्शन को लेकर दर्ज एफआईआर पर एनसीपी (एसपी) प्रवक्ता नसीम सिद्दीकी ने कड़ी आपत्ति जताई। उन्होंने कहा कि अगर संसद के अंदर कोई विरोध प्रदर्शन होता है, या पप्पू यादव साधु का वेश धारण करके फंड जुटाने में हुई चोरी का मामला उजागर करते हैं और उनके खिलाफ एफआईआर दर्ज की जाती है तो देश में इससे ज्यादा निंदनीय कुछ नहीं हो सकता। इसका मतलब है कि लोकतंत्र कमजोर हो रहा है और इस देश में लोकतंत्र के लिए अब कोई जगह नहीं बची है। यह एफआईआर गलत है। इसे दर्ज नहीं किया जाना चाहिए था। यह विपक्षी सांसदों का अधिकार है।”
