नई दिल्ली:– इंतजार अब खत्म होने जा रहा है, और जेवर एक नया इतिहास रचने की तैयारी में है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी शनिवार सुबह करीब 11:30 बजे नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट का उद्घाटन करेंगे। इसके साथ ही कार्गो टर्मिनल का लोकार्पण और विमानों की मरम्मत के लिए बनने वाले एमआरओ (मेंटेनेंस, रिपेयर एंड ऑपरेशन) सेंटर की आधारशिला भी रखी जाएगी। हालांकि फिलहाल यहां से उड़ानों की शुरुआत नहीं होगी। उद्घाटन के बाद प्रधानमंत्री एक जनसभा को भी संबोधित करेंगे, जिसके लिए तीन बड़े पंडाल तैयार किए गए हैं और करीब दो लाख लोगों के आने की संभावना है।
शुरुआती चरण में इस एयरपोर्ट से केवल दिन के समय घरेलू और कार्गो उड़ानें ही संचालित होंगी। अंतरराष्ट्रीय उड़ानों के शुरू होने में कुछ समय लग सकता है। यहां से चंडीगढ़, हैदराबाद, बेंगलुरु, चेन्नई, मुंबई, लखनऊ, वाराणसी, गोरखपुर, अहमदाबाद, जयपुर और अयोध्या जैसे शहरों के लिए सेवाएं उपलब्ध कराई जाएंगी। रोजाना करीब 65 उड़ानों का संचालन प्रस्तावित है, जबकि रनवे की क्षमता प्रति घंटे 30 टेकऑफ और लैंडिंग की है। शुरुआती सेवाएं इंडिगो, एयर इंडिया एक्सप्रेस और आकासा एयरलाइंस द्वारा दी जाएंगी।
उद्घाटन समारोह में कौन-कौैन होगा शामिल?
कार्यक्रम में राज्यपाल आनंदीबेन पटेल, मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और नागरिक उड्डयन मंत्री राम मोहन नायडू भी मौजूद रहेंगे। प्रधानमंत्री पहले टर्मिनल भवन का निरीक्षण करेंगे और दोपहर करीब 12 बजे एयरपोर्ट के पहले चरण का औपचारिक उद्घाटन करेंगे। इस चरण पर करीब 11,200 करोड़ रुपये खर्च किए गए हैं। एयरपोर्ट में 11 सुरक्षा जांच लेन बनाई गई हैं, जिनमें 9 घरेलू और 2 अंतरराष्ट्रीय हैं। टर्मिनल भवन का क्षेत्रफल 1,38,000 वर्ग मीटर है। एयर ट्रैफिक कंट्रोल टावर 38 मीटर ऊंचा और 8 मंजिला है। यहां 28 एयरक्राफ्ट स्टैंड बनाए गए हैं।
एयरपोर्ट का संचालन यमुना इंटरनेशनल एयरपोर्ट प्राइवेट लिमिटेड द्वारा 40 वर्षों तक किया जाएगा। 3900 मीटर लंबा और 60 मीटर चौड़ा रनवे तैयार किया गया है। भविष्य में 80% क्षमता पूरी होने पर दूसरा रनवे और नया टर्मिनल भी बनाया जाएगा। कुल 25 पार्किंग एप्रन विकसित किए जाएंगे, जिनमें से अभी 9 चालू होंगे।
20 हजार वाहनों के आने की संभावना
जनसभा में पहुंचने के लिए आम लोगों का प्रवेश किशोरपुर गांव की ओर से होगा, जहां 5 गेट बनाए गए हैं। वीवीआईपी मेहमान यमुना एक्सप्रेसवे के 32वें किलोमीटर पर बने इंटरचेंज से प्रवेश करेंगे। करीब 20 हजार वाहनों के आने की संभावना को देखते हुए 12 पार्किंग स्थल तैयार किए गए हैं। मेरठ से आगरा तक के लोगों के आने की उम्मीद है।
दिल्ली, नोएडा और गाजियाबाद से आने वाले लोग टैक्सी या निजी वाहन के जरिए यमुना एक्सप्रेसवे से आसानी से पहुंच सकते हैं। एक्सप्रेसवे के 32वें किलोमीटर से करीब 800 मीटर की दूरी पर एयरपोर्ट स्थित है।
एयरपोर्ट को DXN कोड दिया गया
नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट को DXN कोड दिया गया है, जिसे नागरिक उड्डयन मंत्रालय ने जारी किया है। टिकट बुकिंग के समय यही कोड इस्तेमाल होगा। हालांकि अभी टिकट बुकिंग शुरू नहीं हुई है, लेकिन बुकिंग प्लेटफॉर्म्स पर यह कोड दिखाई देने लगा है।
एयरपोर्ट का उद्घाटन भले ही आज हो रहा है, लेकिन इसके संचालन की शुरुआत जून तक होने की उम्मीद है। फिलहाल ब्यूरो ऑफ सिविल एविएशन सिक्योरिटी से सुरक्षा योजना की मंजूरी मिलना बाकी है। इसी मंजूरी के बाद टिकट बुकिंग शुरू की जाएगी। एयरलाइंस कंपनियों के साथ समझौते किए जा चुके हैं, लेकिन उड़ानें शुरू होने से पहले औपचारिक प्रक्रियाएं पूरी की जाएंगी।
