नई दिल्ली:– भारतीय क्रिकेट टीम इन दिनों मैदान पर प्रदर्शन से ज्यादा खिलाड़ियों की चोटों को लेकर चर्चा में है। एक के बाद एक खिलाड़ी चोटिल हो रहे हैं और बीसीसीआई के सेंटर ऑफ एक्सीलेंस (CoE) में खिलाड़ियों की संख्या बढ़ती जा रही है। श्रीलंका के खिलाफ टेस्ट सीरीज से पहले साई सुदर्शन के चोटिल होकर बाहर होने से टीम इंडिया की चिंता और बढ़ गई है। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक करीब 13 भारतीय खिलाड़ी अलग-अलग चोटों से जूझ रहे हैं।
भारतीय क्रिकेट टीम इन दिनों मैदान पर प्रदर्शन से ज्यादा खिलाड़ियों की चोटों को लेकर चर्चा में है। एक के बाद एक खिलाड़ी चोटिल हो रहे हैं और बीसीसीआई के सेंटर ऑफ एक्सीलेंस (CoE) में खिलाड़ियों की संख्या बढ़ती जा रही है। श्रीलंका के खिलाफ टेस्ट सीरीज से पहले साई सुदर्शन के चोटिल होकर बाहर होने से टीम इंडिया की चिंता और बढ़ गई है। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक करीब 13 भारतीय खिलाड़ी अलग-अलग चोटों से जूझ रहे हैं।
भारत और श्रीलंका के बीच पहला टेस्ट 15 अगस्त से गॉल में खेला जाना है। इससे पहले अभ्यास मैच में भारतीय बल्लेबाजों ने अच्छा प्रदर्शन किया। देवदत्त पडिक्कल ने शानदार शतक लगाया, जबकि केएल राहुल ने 40 और रवींद्र जडेजा ने 63 रन बनाए। भारत ने श्रीलंका के 8 विकेट पर 363 रन के जवाब में दूसरे दिन 6 विकेट पर 357 रन बना लिए।
हालांकि, खिलाड़ियों की फिटनेस ने टीम मैनेजमेंट की चिंता बढ़ा दी है। वर्ल्ड टेस्ट चैंपियनशिप के मौजूदा चक्र में भारत को अगले 9 टेस्ट मैचों में से 7 मुकाबले जीतने की चुनौती है। ऐसे में प्रमुख खिलाड़ियों की चोट टीम के लिए बड़ा झटका साबित हो सकती है।
चोटिल खिलाड़ियों की पूरी लिस्ट
जसप्रीत बुमराह: घुटने में सूजन की समस्या से जूझ रहे हैं और फिलहाल पूरी तरह फिट नहीं हैं।
साई सुदर्शन: बाएं पैर के अंगूठे में चोट के कारण श्रीलंका सीरीज से बाहर बताए जा रहे हैं।
हर्षित राणा: हैमस्ट्रिंग की चोट से परेशान हैं।
नीतीश कुमार रेड्डी: हैमस्ट्रिंग की समस्या के कारण टीम से बाहर हैं।
वॉशिंगटन सुंदर: क्वाड्रिसेप्स में चोट के चलते रिहैबिलिटेशन से गुजर रहे हैं।
आकाश दीप: पीठ के निचले हिस्से में स्ट्रेस फ्रैक्चर के कारण लंबे समय से मैदान से बाहर हैं। रणजी ट्रॉफी सेमीफाइनल में बंगाल की हार के बाद से उनकी वापसी नहीं हो पाई है।
हार्दिक पंड्या: क्वाड्रिसेप्स की चोट के कारण सेंटर ऑफ एक्सीलेंस में निगरानी में हैं।
वरुण चक्रवर्ती: हैमस्ट्रिंग की समस्या से जूझ रहे हैं।
प्रिंस यादव: हैमस्ट्रिंग की चोट के कारण रिहैबिलिटेशन में हैं।
इनके अलावा भी कई खिलाड़ियों की फिटनेस को लेकर टीम मैनेजमेंट और चयनकर्ताओं की नजर बनी हुई है। खिलाड़ियों की लगातार बढ़ती चोटों के बीच बीसीसीआई के सेंटर ऑफ एक्सीलेंस की स्पोर्ट्स साइंस टीम पर भी दबाव बढ़ गया है। 2025 की शुरुआत में नितिन पटेल के इस्तीफे के बाद से टीम में स्थायी हेड की कमी भी चर्चा का विषय बनी हुई है।
बीसीसीआई ने संभाली कमान
लगातार चोटों की खबरों के बीच बीसीसीआई भी अब एक्शन में आ गया है। सचिव देवजीत सैकिया रविवार को बेंगलुरु स्थित सेंटर ऑफ एक्सीलेंस पहुंचकर क्रिकेट प्रमुख वीवीएस लक्ष्मण से मुलाकात करेंगे। इस बैठक में खिलाड़ियों के रिहैबिलिटेशन और उनकी चोट से उबरने की प्रक्रिया की समीक्षा की जाएगी।
बीसीसीआई के एक सूत्र ने पीटीआई को बताया कि देवजीत सैकिया स्थिति का जायजा लेने के लिए वीवीएस लक्ष्मण के साथ बैठक करेंगे। यह भी स्पष्ट नहीं है कि मुख्य कोच गौतम गंभीर और चयन समिति के अध्यक्ष अजित अगरकर बैठक में ऑनलाइन शामिल होंगे या नहीं।
खिलाड़ियों की फिटनेस पर उठ रहे सवाल
मीडिया रिपोर्ट्स में यह भी दावा किया गया है कि सेंटर ऑफ एक्सीलेंस और चयन समिति के बीच खिलाड़ियों की चोट के प्रबंधन और उनकी वापसी की समयसीमा को लेकर हमेशा पूरी सहमति नहीं रही है। कुछ खिलाड़ियों को सभी फिटनेस मानकों पर पूरी तरह खरा उतरने से पहले ही रिलीज किए जाने की बातें भी सामने आई हैं।
अब सबसे बड़ी चुनौती इन खिलाड़ियों को जल्दबाजी किए बिना पूरी तरह फिट करना है। श्रीलंका के खिलाफ टेस्ट सीरीज और आगे के वर्ल्ड टेस्ट चैंपियनशिप मुकाबलों को देखते हुए टीम इंडिया को अपने प्रमुख खिलाड़ियों की फिटनेस की बेहद सावधानी से निगरानी करनी होगी।
