नई दिल्ली:– राजधानी में मंत्रालय सहित विंध्याचल और सतपुड़ा भवनों से लेकर जिला स्तर के कार्यालयों तक बायोमैट्रिक अटैंडेंस की व्यवस्था प्रारंभ की जाए। अधिकारी-कर्मचारी निर्धारित समय पर कार्यालय पहुंचें और समय पर कार्यों को पूर्ण करें, इस पर वरिष्ठ अधिकारी नजर रखेंगे। जनता से जुड़े सभी प्राथमिक कार्यों का समय पर निपटारा आवश्यक है।
उक्त निर्देश मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने मंगलवार को मंत्रालय में 21 प्रमुख कार्यों की समीक्षा बैठक में दिए। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री जन विश्वास अभियान के माध्यम से साप्ताहिक शिविर और संवाद के गत तीन सप्ताह में अच्छे परिणाम मिल रहे हैं। त्योहार या अन्य कारणों से जब शुक्रवार को जन विश्वास अभियान के तहत शिविर और संवाद का आयोजन न हो सके तो आगामी दिवस अर्थात शनिवार को यह कार्यवाही की जाए।
स्वामित्व योजना में ग्रामीण आबादी को पट्टे देकर करें लाभान्वित
मुख्यमंत्री ने निर्देश दिए कि ग्रामीण क्षेत्रों में आबादी की निश्शुल्क रजिस्ट्री के लिए अधिकार अभिलेखों के पंजीयन, जिला स्तर पर राजस्व और पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग नर्मदा समग्र मिशन (नमन) की स्थापना और क्रियान्वयन के लिए आवश्यक कार्यवाही को शीघ्र पूर्ण किया जाए।
गुजरात, सूरत जल भंडारण मॉडल, कर्मभूमि से जन्म भूमि अभियान के समान प्रदेश में अभियान प्रारंभ करें। मुख्यमंत्री ने कहा कि नगरीय क्षेत्रों में पेयजल प्रदेश और सीवरेज के कार्यों का उचित प्रबंधन करें। निकायों की आदर्श कार्मिक संरचना में उपलब्ध पदों पर कार्यरत पीएचई के इच्छुक तकनीकी अधिकारियों और कर्मचारियों का वन टाइम संविलियन किया जाए।
मुख्यमंत्री ने इन प्रमुख कार्यों की समीक्षा में यह दिए निर्देश
संस्कृति-पर्यटन विभाग
कामदगिरी परिक्रमा मार्ग का विकास।
पर्यटन सुविधाओं के लिए 12.50 हेक्टयर वन भूमिका का चिन्हांकन।
सती अनसूइया मंदिर, मल्टी फैसिलिटी सेंटर और गुप्ता गोदावरी मंदिर परिसर का विकास।
ममलेश्वर मंदिर प्रांगण विकास।
भगवान श्रीराम वनगमन पथ परियोजना में 30 कार्यों का क्रिन्यान्वयन।
यूनेस्को विश्वधरोहर स्थलों में तीन वर्ष में 15 स्थल जुड़वाए गए। ऐसे स्थानों में छह अन्य सांस्कृतिक स्थल जोड़ने की पहल।
दतिया, ओरछा सहित 20 आध्यात्मिक और धार्मिक लोकों का विकास।
पर्यटन अधोसंरचना विकास के लिए पर्यटन निगम के अलावा अन्य सक्षम ऐजेंसियों को उनके क्षेत्र के बाहर कार्य करने की छूट देने की कार्यवाही।
भगवान श्रीकृष्ण पाथेय परियोजना के कार्य।
चित्रकूट और ओरछा, दतिया धार्मिक स्थलों के विकास, श्री राम वन गमन पथ ,श्री कृष्ण पाथेय से जुड़े कार्यों को शीघ्र पूर्ण किया जाए।
सिंहस्थ:2028 के दृष्टिगत उज्जैन में टेंपल बान्ड के माध्यम से प्रमुख धार्मिक स्थलों का विकास।
गृह विभाग
महाकालेश्वर मंदिर की भांति विभिन्न मंदिरों में होमगार्ड के पदों का सृजन कर समिति के व्यय पर नियुक्ति।
राज्य औद्योगिक सुरक्षा बल की क्षमता दो हजार से बढ़ाकर पांच हजार करना।
वीआइपी ड्यूटी पर तैनात स्टाफ के लिए जोखिम भत्ता।
बैगा, भारिया, सहरिया के लिए विशेष भर्ती प्रक्रिया।
काउंटर टेररिस्ट ग्रुप की संख्या 50 से बढ़ाकर 250 करना।
मप्र राज्य द्रुतगति बल का गठन करना।
