नई दिल्ली:– हाल ही में सिनेमाघरों में एक फिल्म बैड न्यूज रिलीज हुई है जिसमें एक्ट्रेस तृप्ति डिमरी, विक्की कौशल और एमी विर्क मुख्य भूमिकाओं में नजर आ रहे है इस फिल्म की कहानी एक्ट्रेस के जुड़वा बच्चों पर है जिसके पिता एक नहीं बल्कि दोनों एक्टर अलग-अलग है। इस प्रकार की हेल्थ कंडीशन को सुनकर शायद ही कोई विश्वास कर पाए लेकिन मेडिकस साइंस में ऐसा होना मुमकिन है यह दुर्लभ ना होकर कई मामले सामने आए भी है। जैसा कि, फिल्म में दिखाया गया यह विषय अनोखा भलें है लेकिन सचमुच में दो जुड़वा बच्चों की भलें एक मां हो लेकिन पिता दो अलग व्यक्ति हो सकते है।
क्या होती है हेटरोपैटर्नल सुपरफिकंडेशन
मेडिकल सांइस के इस तथ्य को बताते हुए डॉक्टर कहते है कि, एक मेडिकल कंडीशन होती है जिसको हेटरोपैटर्नल सुपरफिकंडेशन कहते हैं इसके मामले दुनिया में 2 से 3 फीसदी के करीब देखें गए है इससे विश्वास किया जा सकता है कि, इस कंडिशन में जुड़वा बच्चों के पिता भी दो होते हैं।
कैसे होती है यह स्थिति
मेडिकल सांइस में हेटरोपैटर्नल सुपरफिकंडेशन की स्थिति को समझें तो, सफदरजंग अस्पताल में गायनेकोलॉजी विभाग में डॉ सलोनी बताती हैं कि आमतौर पर एक महिला के शरीर में ओवुलेशन के दौरान अंड़ा रिलीज होता है और पुरुष के स्पर्म के साथ मिलता है तो महिला को गर्भधारण होता है. इस स्थिति में गर्भ में एक ही बच्चा होता है. कुछ मामलों में ओवरी से 2 अंडे रिलीज होते हैं और दोनों ही स्पर्म के साथ फर्टिलाइज हो जाते हैं. ऐसे में महिला को जुड़वा बच्चे होते हैं।
ऐसे हो सकता है
कहा जाता है कि, जब महिला ओवुलेशन के दौरान दो पुरुषों से संबंध बनाती है तो उसकेशरीर में दोनों के स्पर्म होते हैं, अगर इस दौरान दो एग रिलीज हो जाते हैं और दोनों एग ही स्पर्म के साथ फर्टिलाइज हो जाते हैं तो जुड़वा बच्चे पैदा होते हैं। इन दोनों बच्चों के पिता भी अलग- अलग होते हैं. इसमें एक पुरुष के स्पर्म का एक बच्चा होता है और दूसरे पुरुष का दूसरा बच्चा होता है। इस तरह के मामले अमेरिका में देखें गए है भारत में इसका कोई प्रमाण नहीं मिला है।
जुड़वा बच्चों के डीएनए हो सकते है अलग
इस हेल्थ कंडीशन में जब महिला प्रेग्नेंसी में होती है और जुड़वा बच्चों का जन्म होता है तो उनके डीएनए भी अलग होते है। एक डीएनए एक पिता का और दूसरा डीएनए दूसरे पिता का होता है. इसमें महिला के जो बच्चे पैदा होते हैं में बनावट में भी अपने पिता के चेहरे के हिसाब से हो सकते हैं. बच्चों के जन्म के बाद अगर कोई कपल डीएनए जांच कराता है तो उससे यह आसनी से पता लग जाता है।
