नई दिल्ली:– देश के करोड़ों एलपीजी उपभोक्ताओं के लिए रसोई गैस सिलेंडर की बुकिंग को लेकर एक बड़ी खबर सामने आई है। केंद्र सरकार के पेट्रोलियम मंत्रालय और प्रमुख ऑयल मार्केटिंग कंपनियों (IOCL, BPCL, HPCL) ने गैस वितरण व्यवस्था को सुव्यवस्थित करने के लिए नियमों में बड़ा बदलाव किया है। अब घरेलू गैस उपभोक्ताओं को एक सिलेंडर की डिलीवरी मिलने के बाद अगला सिलेंडर बुक करने के लिए कम से कम 25 दिनों का इंतजार करना होगा। पहले यह समय सीमा 21 दिनों की थी, जिसे अब बढ़ाकर 25 दिन कर दिया गया है। सरकार ने अपने सॉफ्टवेयर सिस्टम में भी यह बदलाव लागू कर दिया है, जिससे 25 दिन की अवधि पूरी होने से पहले की गई कोई भी बुकिंग सिस्टम द्वारा स्वतः ब्लॉक कर दी जाएगी।
सरकार द्वारा यह कड़ा फैसला हाल के दिनों में सामने आई पैनिक बुकिंग और गैस सिलेंडरों की जमाखोरी की शिकायतों के बाद लिया गया है। आंकड़ों के अनुसार, जो उपभोक्ता पहले औसतन 50 से 55 दिनों में सिलेंडर बुक करते थे, वे अचानक 15 से 20 दिनों के भीतर ही बुकिंग करने लगे थे। इस प्रवृत्ति के कारण बाजार में कृत्रिम कमी की स्थिति बनने लगी थी और जरूरतमंद उपभोक्ताओं तक समय पर आपूर्ति सुनिश्चित करना चुनौतीपूर्ण हो गया था। ब्लैक मार्केटिंग और जमाखोरी पर लगाम लगाने के साथ-साथ ईंधन के निष्पक्ष वितरण के उद्देश्य से ही इस 25 दिनों के अंतराल वाले नियम को अनिवार्य बनाया गया है।
पश्चिम एशिया में बढ़ते भू-राजनीतिक तनाव के चलते ऊर्जा आपूर्ति श्रृंखला पर भारी दबाव है। इस स्थिति को देखते हुए भारत सरकार ने घरेलू स्तर पर एलपीजी की उपलब्धता बनाए रखने के लिए रिफाइनरियों को उत्पादन बढ़ाने के निर्देश दिए हैं। सरकार ने स्पष्ट किया है कि घरेलू गैस कनेक्शनों को कमर्शियल उपयोग के मुकाबले प्राथमिकता दी जा रही है ताकि आम जनता को असुविधा न हो।
