नई दिल्ली:– संसद के दोनों सदनों में आज अमेरिका-भारत ट्रेड डील पर चर्चा की मांग को लेकर जोरदार हंगामा हुआ। लोकसभा में विपक्षी दलों ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के खिलाफ नारेबाजी की। जिसके चलते बजट सत्र के पांचवे दिन भी सदन की कार्रवाई बार-बार स्थगित करनी पड़ी।
मंगलवार को लोकसभा की कार्यवाही सुबह 11 बजे शुरू हुई, लेकिन केवल 8 मिनट ही चल सकी, जिसके बाद सदन को 12 बजे तक के लिए स्थगित कर दिया गया। इसके बाद दोबारा शुरू हुई कार्यवाही भी महज 13 मिनट ही चल पाई। लगातार हंगामे के चलते लोकसभा स्पीकर ने सदन को दोपहर 2 बजे तक स्थगित कर दिया। स्पीकर ने विपक्षी सांसदों को नसीहत देते हुए कहा कि नारेबाजी गलत है और नियमों के खिलाफ है, लेकिन इसके बावजूद हंगामा जारी रहा।
स्पीकर ने की कांग्रेस-भाजपा सांसदों के साथ बैठक
राज्यसभा में भी विपक्ष ने अमेरिका-भारत ट्रेड डील पर चर्चा की मांग करते हुए वॉकआउट किया। विपक्षी दलों ने अमेरिकी कृषि उत्पादों पर आयात शुल्क (इंपोर्ट ड्यूटी) को शून्य करने के प्रस्ताव पर कड़ा ऐतराज जताया। उनका कहना है कि इससे देश के किसानों को भारी नुकसान हो सकता है।
विपक्षी सांसदों ने संसद परिसर के बाहर भी ट्रेड डील के खिलाफ प्रदर्शन किया। सूत्रों के अनुसार, लगातार हो रहे हंगामे को देखते हुए लोकसभा स्पीकर ओम बिरला ने कांग्रेस और भाजपा के सांसदों के साथ बैठक की, ताकि सदन की कार्यवाही सुचारू रूप से चलाई जा सके।
एनडीए बैठक में प्रधानमंत्री मोदी का स्वागत
इस बीच, अमेरिका से हुई ट्रेड डील को लेकर मंगलवार सुबह एनडीए संसदीय दल की बैठक में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का स्वागत किया गया। केंद्रीय मंत्री किरेन रिजिजू ने इस समझौते को “अद्भुत और ऐतिहासिक” करार दिया।
वहीं विपक्ष ने ट्रेड डील को लेकर प्रधानमंत्री पर सवाल उठाए हैं। कांग्रेस का कहना है कि ऑपरेशन सिंदूर में हुए सीजफायर की तरह ही इस ट्रेड डील की घोषणा भी अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने की है। कांग्रेस ने आरोप लगाया कि प्रधानमंत्री मोदी ने इस मामले में “हार मान ली है।”
