नई दिल्ली:– मछली के अंडों में मौजूद पोषक तत्व- मछली की ही तरह इनके अंडों में भई ओमेगा-3 फैटी एसिड, सेलेनियम, विटामिन बी12, विटामिन डी, फॉस्फोरस, जिंक, एंटीऑक्सीडेंट्स आदि भरपूर होते हैं.
किन मछली के अंडों को खाना है फायदेमंद- वैसे तो कई तरह की मछलियां होती हैं, जो सेहत के लिए बेहद फायदेमंद होती हैं. लेकिन, बात जब मछली के अंडों के सेवन की आती है तो आप सैल्मन, ट्राउट, कैपलिन, भारतीय मछली में रोहू और हिल्सा के अंडों का सेवन कर सकते हैं. इन सभी मछलियों में प्रोटीन, ओमेगा-3 फैटी एसिड, विटामिन डी, फॉस्फोरस, एंटीऑक्सीडेंट्स, विटामिन बी12 आदि होते हैं.
हार्ट के लिए है बेस्ट: वेरीवेलफिट डॉट कॉम में छपी एक खबर के अनुसार, मछली के अंडों में तीन तरह के कम मात्रा में फैट भी पाए जाते हैं, जैसे सैचुरेटेड फैट, पॉलीअनसैचुरेटेड और मोनोअनसैचुरेटेड फैट होते हैं. ये सभी बैड कोलेस्ट्रॉल को घटा कर गुड कोलेस्ट्रॉल को बढ़ावा देते हैं. कार्डियोवैस्कुलर सिस्टम हेल्दी रहता है. दिल के रोगों के होने का जोखिम भी काफी हद तक कम हो जाता है. ये रक्त के थक्के बनने और सूजन को कम करने में मदद कर सकते हैं. रक्त वाहिकाओं को फैलाने और ब्लड प्रेशर को कम करने में भी सहायक हो सकते हैं.
रुमेटॉइड आर्थराइटिस में राहत-शोधकर्ताओं का मानना है कि मछली और मछली के अंडों में पाए जाने वाले ओमेगा-3 फैटी एसिड रुमेटॉइड आर्थराइटिस के लक्षणों को कम करने में सहायक हो सकते हैं. ओमेगा-3 युक्त मछली के अंडे सूजनरोधी हो सकते हैं. सूजन बढ़ाने वाले साइटोकिन्स के उत्पादन को कम कर सकते हैं.
आंखों को रखे हेल्दी: DHA और EPA शिशुओं में दृष्टि विकास और बच्चों और वयस्कों में रेटिना के कार्य के लिए महत्वपूर्ण हैं. जिन लोगों को अपने आहार में पर्याप्त ओमेगा-3 नहीं मिलता, उनमें डायबिटिक रेटिनोपैथी, उम्र से संबंधित मैकुलर डिजनरेशन और ड्राई आई सिंड्रोम का खतरा बढ़ सकता है. मछली के अंडे खाने से इन जोखिमों को कम करने में मदद मिल सकती है. ऐसे में आप नॉनवेज खाते हैं तो फिश एग का सेवन जरूर करें.
दिमाग रहता है हेल्दी: विटामिन बी12 और ओमेगा-3 फैटी एसिड ब्रेन के कार्यों को बूस्ट करके तंत्रिका तंत्र की सेहत को सुधारते हैं. आप चाहते हैं कि आपको लंबी उम्र तक भूलने की समस्या न हो, याद्दाश्त कमजोर न हो, अल्जाइमर्स की समस्या न हो तो आप मछली और इसके अंडे का सेवन कर सकते हैं.
इम्यूनिटी हो मजबूत: मछली के अंडों में सेलेनियम और जिंक भरपूर होता है, जो रोग प्रतिरोधक क्षमता को बूस्ट करते हैं. आप इसके रेगुलर सेवन से कई तरह के इंफेक्शन और छोटी-मोटी बीमारियों से खुद को बचाए रख सकते हैं.
