नई दिल्ली :·– बॉलीवुड के मशहूर कॉमेडियन राजपाल यादव के लिए आज यानी 12 फरवरी 2026 का दिन बेहद निर्णायक है। करोड़ों रुपये के कर्ज और चेक बाउंस मामले में तिहाड़ जेल में बंद राजपाल की जमानत याचिका पर आज दिल्ली हाईकोर्ट में सुनवाई होनी है। दर्शकों को अपनी कॉमेडी से लोटपोट करने वाले इस कलाकार की रिहाई का इंतजार न केवल उनके परिवार को है, बल्कि पूरी फिल्म इंडस्ट्री की नजरें भी अदालत के फैसले पर टिकी हैं।
क्या है पूरा विवाद?
राजपाल यादव की मुश्किलें एक दशक पुरानी हैं। यह मामला साल 2010 में शुरू हुआ था। उन्होंने अपनी फिल्म ‘अता पता लापता’ के निर्माण के लिए एक दिल्ली आधारित फाइनेंसर से करीब ₹5 करोड़ का कर्ज लिया था। कर्ज की अदायगी के लिए दिए गए चेक बाउंस हो गए, जिसके बाद मामला अदालत पहुंचा। ब्याज समेत अब यह देनदारी ₹9 करोड़ के आसपास बताई जा रही है। भुगतान की समयसीमा और अदालती आदेशों का पालन न करने के कारण उन्हें न्यायिक हिरासत में भेजा गया।
मुश्किल वक्त में उमड़ा बॉलीवुड का प्यार
राजपाल यादव भले ही कानूनी पचड़ों में फंसे हों, लेकिन फिल्म इंडस्ट्री ने उन्हें अकेला नहीं छोड़ा है। ‘छोटा पंडित’ की मदद के लिए कई दिग्गज आगे आए हैं:
सितारा / संगठन समर्थन का स्वरूप
सलमान खान परिवार से संपर्क कर हर संभव मदद का भरोसा दिलाया।
अजय देवगन कानूनी और वित्तीय सहायता के लिए हाथ बढ़ाया।
सोनू सूद इंडस्ट्री से एकजुट होने की अपील की।
मीका सिंह सार्वजनिक तौर पर आर्थिक सहयोग की पेशकश की।
FWICE फिल्म कर्मचारियों की संस्था ने फंड जुटाने की अपील की।
इनके अलावा, हरियाणा के वरिष्ठ नेता राव इंद्रजीत सिंह और पंजाबी सिंगर गुरु रंधावा ने भी राजपाल की आर्थिक मदद के लिए अपनी ओर से पहल की है।
परिवार को न्याय की उम्मीद
राजपाल की पत्नी राधा यादव ने इस कठिन समय में धैर्य बनाए रखा है। उन्होंने कहा, हमें न्यायपालिका पर पूरा भरोसा है। राजपाल जी हमेशा से कानून का सम्मान करते आए हैं। आर्थिक तंगी की वजह से देरी हुई, लेकिन हमारी मंशा किसी का पैसा रोकने की नहीं है।
क्या आज मिलेगी राहत?
चूंकि यह मामला चेक बाउंस (धारा 138) से जुड़ा है, जो कि एक ‘कंपाउंडेबल’ यानी समझौते योग्य अपराध है। अगर राजपाल का पक्ष अदालत को भुगतान के ठोस प्लान का भरोसा दिलाने में कामयाब रहता है, तो उन्हें राहत मिल सकती है।
यदि आज जमानत मिलती है, तो राजपाल यादव न केवल अपने अधूरे फिल्म प्रोजेक्ट्स पूरे कर पाएंगे, बल्कि लेनदारों का पैसा चुकाने की व्यवस्था भी करा सकेंगे।
