छत्तीसगढ़:– सक्ती वेदांता पावर प्लांट में बॉयलर ब्लास्ट हादसे में मजदूरों की मौत का आंकड़ा बढ़ गया है. इस हादसे में अब तक 16 मजदूरों की मौत हो चुकी है, जबकि 34 लोग घायल हैं. मजदूर 80 प्रतिशत तक झुलस गए हैं.
छत्तीसगढ़ के शक्ति जिले स्थित वेदांत प्लांट में हुए भीषण हादसे में मृतकों की संख्या बढ़कर 16 हो गई है, जबकि 34 लोगों के घायल होने की पुष्टि सामने आई है. हादसे के बाद पूरे इलाके में शोक और अफरा-तफरी का माहौल बना हुआ है. मजदूर 80 प्रतिशत तक झुलस गए हैं, जिनका इलाज जारी है. कुछ मजदूरों की हालत गंभीर बताई जा रही है. बताया जा रहा है कि बॉयरल का वाल्व लीक होने की वजह से बॉयलर फट गया. गर्म भाप से मजदूर झुलस गए. इस हादसे के दौरान करीब 500 लोग काम कर रहे थे.
छत्तीसगढ़ और अन्य राज्यों के रहने वाले मजदूर
यह घटना डभरा थाना क्षेत्र की है. इस हादसे में 16 मजदूरों की मौत की पु्ष्टि हो चुकी है, जबकि 34 मजदूर बुरी तरह झुलस गए. इनमें से कुछ मजदूर छत्तीसगढ़ के रहने वाले हैं, वहीं बाकि बिहार-झारखंड और पश्चिम बंगाल के रहने वाले हैं. 18 घायलों का इलाज अलग-अलग अस्पतालों में जारी है. रायगढ़ जिले में 31 मजदूरों को इलाज के लिए लाया गया था. वहीं 6 मजदूरों को बेहतर इलाज के लिए बिलासपुर रेफर किया गया है.
परिजनों को मिलेगी मुआवजा
वेदांता प्रबंधन ने मृतकों के परिजनों को 35-35 लाख रुपए सहायता राशि और नौकरी देने का ऐलान किया है. वहीं हादसे में घायल हुए लोगों को 15-15 लाख रुपए दिए जाएंगे. इससे पहले PMO ने मुआवजे की घोषणा की थी. मृतकों के परिजनों को 2 लाख और घायलों को 50 हजार रुपए दिए जाएंगे. सीएम साय ने भी हादसे पर दुख जताया. उन्होंने मृतकों के परिवार वालों को 5-5 लाख रुपए और घायलों को 50 हजार रुपए देने का ऐलान किया.
कांग्रेस ने बनाई जांच कमेटी
इस हादसे को लेकर कांग्रेस ने जांच समिति बनाई है. पूर्व मंत्री जयसिंह अग्रवाल के नेतृत्व में 10 सदस्यीय समिति बनाई गई है. इस समिति में पूर्व मंत्री नोबेल वर्मा समेत कई विधायक सदस्य बनाए गए हैं. बॉयलर ब्लास्ट में मजदूरों की मौत और घायल होने के मामले में फैसला लिया गया है. समिति पीड़ितों से मुलाकात कर जल्द रिपोर्ट सौंपेगी.
