छत्तीसगढ़:- मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने भारत निर्वाचन आयोग द्वारा संचालित विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) को लोकतंत्र को मजबूत करने की दिशा में महत्वपूर्ण प्रक्रिया बताया है। उन्होंने कहा कि लोकतंत्र की मजबूती के लिए हर जागरूक मतदाता की भागीदारी जरूरी है। मतदाता सूची अद्यतन, पारदर्शी और विश्वसनीय हो, इसके लिए नागरिकों को अपनी जिम्मेदारी निभाते हुए सत्यापन की प्रक्रिया में शामिल होना चाहिए।
सीएम ने सोशल मीडिया के माध्यम से कहा कि SIR को लेकर किसी भी तरह के भ्रम या अफवाह पर नागरिक ध्यान न दें। उन्होंने कहा कि फॉर्म-6 और डिक्लेरेशन सहित पूरी प्रक्रिया भारत निर्वाचन आयोग द्वारा निर्धारित की गई है। उन्होंने नागरिकों से अपील की कि मतदाता सूची से जुड़ी सही जानकारी के लिए केवल निर्वाचन आयोग की आधिकारिक जानकारी और निर्धारित प्रक्रिया पर ही भरोसा करें।
विश्वसनीय मतदाता सूची के निर्माण में भागीदारी जरूरी
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि लोकतंत्र की मजबूती के लिए मतदाता सूची का अद्यतन और विश्वसनीय होना जरूरी है। SIR के तहत मतदाता सूची के सत्यापन की प्रक्रिया की जा रही है। ऐसे में प्रत्येक पात्र नागरिक की जिम्मेदारी है कि वह इस प्रक्रिया में सहभागी बने और अपने मतदाता रिकॉर्ड से जुड़ी जानकारी की पुष्टि करे।
18 साल पूरे कर चुके युवा जरूर दर्ज कराएं नाम
मुख्यमंत्री ने खास तौर पर युवाओं से मतदाता सूची में नाम दर्ज कराने की अपील की। उन्होंने कहा कि जिन युवाओं की उम्र 18 वर्ष पूरी हो चुकी है, वे अपना नाम मतदाता सूची में जरूर दर्ज कराएं। इसके साथ ही प्रत्येक नागरिक को मतदाता सूची में अपने नाम की भी पुष्टि करनी चाहिए, ताकि पात्र मतदाताओं का रिकॉर्ड सही और अद्यतन रह सके।
निर्वाचन प्रक्रिया में जागरूक मतदाता की भूमिका
मुख्यमंत्री ने नागरिकों से अपनी जिम्मेदारी निभाने और विश्वसनीय मतदाता सूची के निर्माण में सहभागी बनने का आग्रह किया। उन्होंने कहा कि लोकतांत्रिक व्यवस्था में जागरूक मतदाता की भागीदारी महत्वपूर्ण है। SIR के दौरान नागरिक निर्धारित प्रक्रिया के अनुसार जानकारी और दस्तावेजों का सत्यापन कराएं और किसी भी भ्रम की स्थिति में आधिकारिक निर्वाचन जानकारी का सहारा लें।
