नई दिल्ली। हिंदू धर्म में, सूर्योदय और सूर्यास्त को बहुत महत्व दिया जाता है और किसी भी गतिविधि के लिए दिन का समय अनुकूल माना जाता है। इन्हीं में से शामिल है बाल काटना। ऐसी मान्यता है कि रात में बाल काटने से मां लक्ष्मी नाराज हो जाती हैं और घर में दरिद्रता आती है। बड़े बुजुर्गों को भी कहते सुना होगा कि रात में बाल नहीं काटने चाहिए। लेकिन क्या आपने कभी इसके पीछे की वजह जानने का प्रयास किया..? यदि नहीं तो आज हम आपको इसके पीछे की दो खास वजह बताने जाा रहे है। रात में बाल न काटने के वैज्ञानिक और धार्मिक दोनों कारण होते है, जिसके बारें में आज हम आपको बताएंगे।
धार्मिक कारण
शास्त्रों के अनुसार रात में बाल काटना अशुभ माना जाता है। शास्त्रों में इस बात का जिक्र किया गया है कि शाम के समय देवी लक्ष्मी का घर में वास होता है। महालक्ष्मी समृद्धि और धन के साथ आशीर्वाद देने के लिए रात में घर रहती है, इसलिए रात में बाल नहीं काटने चाहिए, इससे मां लक्ष्मी नाराज हो जाती हैं। रात के समय बाल कटवाने से घर से लक्ष्मी दूर होने लगती है और घर में कलह होने के साथ आर्थिक हानि होती है। ऐसी हानि से बचने के लिए रात के समय बाल नहीं कटवाना चाहिए।
वैज्ञानिक कारण
वैज्ञानिक दृष्टि से देखा जाए तो रात में बाल ना काटने के पीछे कारण यह है कि पुराने जमाने में रात के समय पर्याप्त रोशनी प्रदान करने के लिए ट्यूबलाइट या बल्ब नहीं होते थे। इसलिए कटे हुए बालों को अंधेरे में काटना मुश्किल हो जाता था और गलत तरीके से बाल काटने का डर भी रहता था। कई बार अंधेरे में कैंची या अस्तुरा लगने का डर भी होता था। रात के समय बाल इधर-उधर उड़ जाते थे। जिसके चलते कई बार बाल खाने में भी आ जाते थे, जिससे तबीयत बिगड़ने का डर होता है। इसके अलावा बालों की वजह से गंदगी और बैक्टीरिया भी फैलने का डर होता था इसलिए रात में बालों को काटने के लिए हमेशा मना किया जाता रहा है।